लखनऊ। हनुमान जी को भगवान राम भक्ति के रूप में जाना जाता है। साथ ही उन्हें बजरंगबली, पवनपुत्र, संकटमोचन आदि कई नामों से जाना जाता है। ज्येष्ठ माह में पड़ने वाले सभी मंगलवार को बड़ा मंगल कहा जाता है। ऐसे में आप दूसरे बड़े मंगल पर इन कार्यों द्वारा हनुमान जी की कृपा के पात्र बन सकते हैं। बड़े मंगल के दिन हनुमान जी की पूजा के दौरान उनके समक्ष चमेली के घी का दीपक जलाएं। साथ ही हनुमान जी को नारंगी सिंदूर और लांल रंग का चोला अर्पित करें। प्रसाद के रूप में बूंदी का भोग लगाएं और सभी लोगों में भी बांटें। वहीं, अगर आप बड़े मंगल के दिन हनुमान जी को नारियल अर्पित करते हैं, तो इससे जीवन के दुख व संकटों से छुटकारा मिल सकता है। इसके साथ ही बड़ा मंगल पर हनुमान चालीसा का पाठ करना भी बहुत ही शुभ माना जाता है।
प्रसन्न होंगे बजरंगबली:
बड़े मंगल के दिन हनुमान जी की पूजा करते समय उन्हें तुलसी की माला जरूर अर्पित करें। इसके लिए नारंगी रंग के सिंदूर में सरसों का तेल मिलाएं। इसके बाद 11 तुलसी के पत्ते लेकर उसपर राम नाम लिखें । अब इस पत्तों की माला बनाकर हनुमान जी को चढ़ाएं। ऐसा करने से जीवन में आ रही मुश्किलें दूर होती हैं और सुख-समृद्धि बनी रहती है।
इस विधि से करें पाठ:
सबसे पहले स्नान आदि से निवृत होकर साफ-सुथरे वस्त्र धारण कर लें। चालीसा का पाठ करते समय लाल वस्त्र धारण करना अति शुभ माना जाता है। इसके बाद शुद्ध घी या फिर तिल के तेल का दिया जलाकर चालीसा का पाठ शुरू करें। मन ही मन हनुमान जी का स्मरण करते रहें। शास्त्रों में वर्णन मिलता है कि हनुमान चालीसा का पाठ करते समय साधक का मुख पूर्व या दक्षिण दिशा की ओर होना चाहिए। चालीसा पूर्ण होने के बाद बजरंगबली जी को लड्डू का भोग लगाएं।
इन बातों का रखें ध्यान:
हनुमान चालीसा के पाठ के दौरान शुद्धता का विशेष ध्यान रखना चाहिए। जो भक्त प्रतिदिन हनुमान चालीसा का पाठ करते हैं, उन्हें मांस-मदिरा के सेवन से दूर रहना चाहिए। चालीसा के पाठ के समय कोई भी नकारात्मक भाव न आने दें और पूर्ण श्रद्धाभाव से हनुमान चालीसा का पाठ करें। साथ ही दिन में 03 बार हनुमान चालीसा का पाठ करना लाभदायक माना जाता है।





