बौद्ध शोध संस्थान में किया गया नाटक का मंचन
लखनऊ। यूपीएल स्टूडियो द्वारा आयोजित तीन माह की सप्ताहांत रंगमंच कार्यशाला के समापन अवसर पर प्रस्तुत किया जा रहा है बहुप्रतीक्षित नाटक टेबुला रासा का मंचन बौद्ध शोध संस्थान में किया गया। यह एक मनोरंजक पारिवारिक हास्य-नाटक है, जो रोजमर्रा के पारिवारिक रिश्तों, हल्की-फुल्की नोकझोंक, भावनात्मक पलों और जीवन के सहज हास्य को बेहद संवेदनशील एवं रोचक अंदाज में मंचित करता है। लेखिका ज्योत्स्ना सिंह द्वारा रचित एवं वरिष्ठ रंगकर्मी विकास श्रीवास्तव के निर्देशन में तैयार यह प्रस्तुति दर्शकों को हँसी, संवेदना और आत्मीयता से भरपूर एक यादगार अनुभव देगी। यह मंचन यूपीएल स्टूडियो के तीन माह की सप्ताहांत थिएटर कार्यशाला का अंतिम प्रदर्शन है, जिसमें कलाकारों ने अभिनय, संवाद-अदायगी, अभिव्यक्ति और मंच संचालन का गहन प्रशिक्षण प्राप्त किया है। मुख्य कलाकार संजीव मिश्रा – स्वर्गीय पिता पूजा श्रीवास्तव – माता ईशान गुलाटी – पुत्र अयान श्रीवास्तव – पुत्र रिचा खरे सक्सेना – बहू ने ने अहम भूमिका निभायी। यह नाटक परिवार, रिश्तों और जीवन की जटिलताओं को हास्य और भावनाओं के माध्यम से खूबसूरती से प्रस्तुत करता है, जो हर आयु वर्ग के दर्शकों को अपने जीवन से जुड़ा हुआ महसूस कराएगा।





