लखनऊ। आगरा में जहरीली शराब पीने से 10 लोगों की मौत की घटना को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सख्ती से लिया है, जिसके बाद गुरुवार को एक आबकारी निरीक्षक सहित चार को निलंबित कर दिया गया है व दो आबकारी निरीक्षकों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की गयी है। इसके अलावा आबकारी विभाग ने गुरुवार से ही अवैध शराब बनाने और बेचने के खिलाफ विशेष अभियान शुरू कर दिया है। वहीँ दूसरी तरफ विसरा की जांच में जहरीली शराब से मौतों की पुष्टि के बाद एडीजी ने सख्त रुख अपना लिया। इंस्पेक्टर डौकी अशोक कुमार, इंस्पेक्टर ताजगंज उमेश चंद्र त्रिपाठी और थानाध्यक्ष शमसाबाद राजकुमार गिरी समेत दस पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया।
टीम-9 के साथ बैठक में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि अवैध और जहरीली शराब के सेवन से आगरा में हुई घटना दुर्भाग्यपूर्ण है। इस प्रकरण में संबंधित स्थानीय अधिकारियों की जवाबदेही तय की जायेगी। प्रदेश में अवैध शराब की निर्माण, क्रय, विक्रय की एक भी घटना घटित न हो, इसके लिए ठोस कार्रवाई करने की जरूरत है। अवैध शराब के ठिकानों पर छापामार कार्रवाई की जाये। अवैध शराब के खिलाफ प्रदेशव्यापी अभियान तेज किया जाये। दोषियों के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई की जाये।
इस बीच, अपर मुख्य सचिव आबकारी संजय आर भूसरेड्डी ने बताया कि पिछले तीन दिनों में आगरा के फतेहाबाद ताजगंज, समसाबाद में जहरीली शराब से हुई मौतों के संबंध में प्रशासन, पुलिस एवं आबकारी विभाग की संयुक्त टीम द्वारा की गयी जांच में 10 व्यक्तियों की अवैध शराब के सेवन से मौत होने की पुष्टि हुई है। शासन ने इसे गंभीरता से लेते हुए बड़ी कार्यवाही की है। शासन की इस कार्यवाही में क्षेत्रीय आबकारी निरीक्षक संजय विद्यार्थी को निलंबित कर दिया गया है, साथ ही तीन बीट आरक्षियों विशाल कुमार, राजेश कुमार शर्मा और अमित कुमार तेवटिया को अवैध शराब के निर्माण एवं बिक्री के विरूद्ध अभिसूचना तंत्र विकसित न कर पाने एवं कार्यवाही न करने के लिए प्रथम दृष्टया दोषी पाते हुए तत्काल प्रभाव से निलंबित करते हुए विभागीय कार्यवाही संस्थित की गयी है। इसी प्रकार रजनीश पाण्डेय आबकारी निरीक्षक के विरूद्ध विभागीय कार्यवाही की गयी है। घटना में अपने पर्यवेक्षणीय दायित्वों में शिथिलता के लिए जिला आबकारी अधिकारी, आगरा नीलेश पालिया के विरूद्ध भी विभागीय कार्यवाही की गयी है।
आबकारी आयुक्त सेंथिल पाण्डियन सी द्वारा यह बताया गया कि प्रशासन, पुलिस एवं आबकारी विभाग की संयुक्त टीम गठित करते हुए अवैध शराब के निर्माण, बिक्री एवं तस्करी के विरूद्ध प्रवर्तन कार्यवाही की जा रही है और दुकानों की गहन चेकिंग करायी जा रही है। इसी क्रम में उनके द्वारा बताया गया कि अवैध शराब के उद्गम स्थल के संबंध में जानकारी प्राप्त कर अवैध कारोबारियों के विरूद्ध कड़ी से कड़ी कार्यवाही करायी जायेगी। साथ ही यह भी बताया गया कि शासन के निर्देश पर गुरुवार से 6 सितम्बर तक अवैध शराब के निर्माण एवं विक्रय के विरूद्ध विशेष प्रवर्तन अभियान चलाया जा रहा है।





