19 वर्ष बाद जेठ में मलमास, 59 दिन में 8 बड़े मंगल
मलमास जेष्ठ के मंगलवार
19 मई 26 मई 2 जुन और 9 जून
19 वर्ष बाद ज्येष्ठ (जेठ)
महीने में मलमास पढ़ रहा है। 2 मई से शुरू हो रहा जेठ महीना इस बार 30 के बजाम 59 दिन का होगा। सूर्य देव, हनुमान जी और वरुण देव की आराधना के लिए अत्यंत फलदायी बेत महीने में इस बाद आठ मंगलवार पड़ेंगे। पहला मंगलवार 5 मई को है. इस दिन प्रमुख हनुमान मंदिरों में विशेष पूजा अर्चना के साथ शहर भर में भंडारे कराए जाएंगे।
काशी पंचांग के अनुसार ज्येष्ठ माह 2 मई से 29 जून तक रहेगा। इसमें 2 मई से 16 मई तक शुद्ध जेष्ठ माह रहेगा। 17 मई से 15 जून तक अधिक मास रहेगा फिर 16 जून से 19 जून तक शुद्ध जेष्ठ रहेगा। इन 59 दिनों में 5, 12, 19, 26 मई और 2, 9, 164 23 जून को आठ मंगलवार पड़ेगे। जिसमें 5 मई, 12 मई, 16 जून व 23 जून के मंगलवार शुद्ध ज्येष्ठ माह में पड़ेगे, जबकि 19, 26 मई, 2 जून और 9 जून के मंगलवार मालमास में पड़ेंगे। ज्योतिषाचार्य
आनंद दुबे के अनुसार खगोलीय और ज्योतिषीय संयोग के चलते इस वर्ष भक्तों को बल्कि पूरे बड़े मंगल के पावन अवसर प्राप्त होगे, जो हनुमान भक्तों के लिए अत्यंत शुभऔर फलदायी माने जा रहे हैं। अधिक मास चंद्र और सूर्य कैलेंडर के बीच अंतर को संतुलित करने के लिए जोड़ा जाता है। चंद्र वर्ष 354 दिनों का होता है, जबकि सौर वर्ष 365 दिनों का, इसी अंतर को दूर करने के लिए लगभग 32 महीने 16 दिन बाद एक अतिरिक्त महीना जोड़ा जाता है। धार्मिक मान्यता है कि ज्येष्ठ माह में हनुमान जी को श्रद्धा से पूजा करने, व्रत रखने और दान-पुण्य करने से जीवन के कष्ट दूर होते हैं और बजरंगबली को विशेष कृपा प्राप्त होती है।





