आध्यात्मिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया
लखनऊ। बुद्ध पूर्णिमा की पूर्व संध्या पर गुरुवार को सम्भावना नाट्य मंच द्वारा गोमती नगर स्थित संगीत भवन परिसर में आध्यात्मिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में भगवान बुद्ध के जन्म, ज्ञान प्राप्ति और महापरिनिर्वाण से जुड़े संदेशों को केंद्र में रखते हुए शांति, करुणा और आत्मजागरण का भाव प्रसारित किया गया।
कार्यक्रम का आरंभ डा. मनीषा के परिचयात्मक उद्बोधन से हुआ जिसमें उन्होंने बुद्ध के जीवन-दर्शन की प्रासंगिकता पर प्रकाश डाला। इसके पश्चात गुरु सत्यनारायण गोयनका के मार्गदर्शन में दस मिनट का विपश्यना ध्यान सत्र हुआ जिसमें लोगों ने मौन साधना के माध्यम से आत्मिक शांति का अनुभव किया।इस दौरान भजन सबका मंगल, सबका मंगल होये रे की सामूहिक प्रस्तुति ने वातावरण को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर दिया। इस प्रस्तुति में प्रवीण गौर, सुनीता वीर, सौम्या गोयल, विनीता मिश्रा, दीपिका मॉरिसन, मिहिका गांगुली, अविका गांगुली, आद्रिका मिश्रा, अव्युक्ता श्रीवास्तव, कर्णिका सिंह, आस्था एवं आश्वी सिंह ने स्वर प्रदान किए। बच्चों द्वारा प्रस्तुत नाट्य प्रस्तुति भगवान होते हैं विशेष आकर्षण का केंद्र रही जिसमें भूमि ने बुद्ध की भूमिका निभाई, जबकि आस्था, महक, अविका, अव्युक्ता, आद्रिका एवं कर्णिका ने शिष्यों की भूमिका को सजीव किया। इसके अतिरिक्त बुद्ध कहते हैं सफल होने के लिए शीर्षक से एक लघु नाटिका भी प्रस्तुत की गई जिसमें शुभ्रा, सुमन, मिहिका, प्रज्ञा, विनीता एवं दीपिका मॉरिसन ने प्रभावी अभिनय किया। सफेद परिधान और नारंगी दुपट्टे के ड्रेस कोड के साथ आयोजित इस कार्यक्रम में उपस्थित जनों ने पवित्रता और ज्ञान के प्रतीकात्मक भाव को आत्मसात किया और समाज में शांति, सह-अस्तित्व और सकारात्मकता का संदेश प्रसारित करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में गुरु गायत्री डेविड, निवेदिता भट्टाचार्य सहित अन्य मौजूद रहे।





