लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में मंगलवार को प्रदेश कैबिनेट की अहम बैठक शुरू हो गई है। बैठक में करीब 20 प्रस्तावों पर चर्चा होनी है, जिनमें बुनियादी ढांचे, परिवहन, शिक्षा और वित्त से जुड़े कई बड़े फैसले शामिल हैं।
विंध्य एक्सप्रेसवे को मिल सकती है मंजूरी
कैबिनेट में 330 किमी लंबे प्रस्तावित विंध्य एक्सप्रेसवे के अलाइनमेंट से जुड़े प्रस्ताव पर मुहर लग सकती है। प्रयागराज से सोनभद्र तक बनने वाले इस एक्सप्रेसवे पर करीब ₹26 हजार करोड़ खर्च का अनुमान है। यह परियोजना विंध्य क्षेत्र के विकास में अहम भूमिका निभा सकती है।
विंध्य-पूर्वांचल लिंक एक्सप्रेसवे पर भी फैसला संभव
बैठक में 117 किमी लंबे विंध्य-पूर्वांचल लिंक एक्सप्रेसवे से जुड़े प्रस्ताव पर भी निर्णय लिया जा सकता है। इस परियोजना पर करीब ₹9 हजार करोड़ खर्च होने का अनुमान है। इसके जरिए पूर्वांचल एक्सप्रेसवे को विंध्य क्षेत्र से जोड़ा जाएगा।
आगरा-लखनऊ और गंगा एक्सप्रेसवे कनेक्टिविटी पर चर्चा
आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे और गंगा एक्सप्रेसवे को जोड़ने वाली परियोजना के RFP बिड दस्तावेजों पर भी कैबिनेट विचार करेगी। इससे प्रदेश में सड़क नेटवर्क और अधिक मजबूत होगा।
220 नई इलेक्ट्रिक बसों की खरीद पर फैसला
प्रदेश में सार्वजनिक परिवहन को बेहतर बनाने के लिए 220 नई इलेक्ट्रिक बसों की खरीद और संचालन से जुड़े प्रस्ताव पर भी निर्णय संभव है। इससे प्रदूषण कम करने और यात्रियों को बेहतर सुविधा देने में मदद मिलेगी।
मानसून सत्र और अन्य विभागीय प्रस्ताव
कैबिनेट बैठक में उत्तर प्रदेश विधानमंडल के मानसून सत्र की तारीख और रूपरेखा पर भी चर्चा होगी। इसके अलावा गृह, महिला कल्याण, उच्च शिक्षा, सहकारिता, राज्यकर, स्टांप एवं रजिस्ट्रेशन विभागों से जुड़े नीतिगत प्रस्तावों पर भी मंथन किया जाएगा।





