बाबूराव विष्णु पराड़कर रंगभारती सम्मान डॉ. अमिता दुबे को
लखनऊ। आज लखनऊ के उत्तर प्रदेश हिन्दी संस्थान के निराला सभागार में हिन्दी पत्रकारिता की 200वीं वर्षगांठ उत्साहपूर्वक मनाई गई। पंडित युगल किशोर शुक्ल ने 30 मई, 1826 को कोलकाता में प्रथम हिन्दी समाचारपत्र उदंत मार्तण्ड का प्रकाशन किया था और उसी स्मृति में वर्ष 1975 से अखिल भारतीय हिन्दी पत्रकार संघ एवं रंगभारती संस्थाओं द्वारा संयुक्त रूप से प्रतिवर्ष हिन्दी पत्रकारिता दिवस का आयोजन किया जाता है। आज समारोह में मुख्य अतिथि उत्तर प्रदेश सरकार के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक थे। आयोजन में इलाहाबाद उच्चन्यायालय के वरिष्ठ न्यायाधीश के रूप में गत मास सेवानिवृत्त हुए न्यायमूर्ति डॉ. शेखर कुमार यादव को, जो अपने हिंदीप्रेम के लिए सुविख्यात हैं, विशेष रूप से न्यायमूर्ति प्रेमशंकर गुप्त रंगभारती सम्मान से अभिनंदित किया गया। दशकों पूर्व इलाहाबाद उच्चन्यायालय के वरिष्ठ न्यायाधीश के रूप में स्वर्गीय प्रेमशंकर गुप्त ने न्यायालय में हिंदी की अलख जगाई थी और उस अंग्रेजी-प्रधान युग में मुकदमों के फैसले हिंदी में देकर सबको आश्चर्यचकित कर दिया था। आज आयोजन में न्यायमूर्ति डॉ. शेखर कुमार यादव के अलावा हिन्दी के इन वरिष्ठ पत्रकारों एवं हिंदीसेवियों को भी निम्नलिखित रूप में सम्मानित किया गया जिसमें बाबूराव विष्णु पराड़कर रंगभारती सम्मान डॉ. अमिता दुबे को, लक्ष्मीनारायण गर्दे रंगभारती सम्मान रवींद्र कुमार सिंह एवं मदन मोहन बहुगुणा को, रामकृष्ण खाडिलकर रंगभारती सम्मान नरेंद्र श्रीवास्तव एवं हेमेंद्र प्रताप सिंह तोमर को, सच्चिदानंद वात्स्यायन अज्ञेय रंगभारती सम्मान राजेश राय एवं चंद्रभान यादव को, गणेशशंकर विद्यार्थी रंगभारती सम्मान अजीत बिसारिया एवं मनोज छवड़ा को, डॉ. धर्मवीर भारती रंगभारती सम्मान डॉ. सुरेंद्र सिंह चैहान एवं गोविंत पंत राजू को, शंकरदयालु श्रीवास्तव रंगभारती सम्मान शशिधर द्विवेदी को, हेरम्ब मिश्र रंगभारती सम्मान नवेद शिकोह एवं आलोक राजा को, कृष्णबिहारी श्रीवास्तव रंगभारती सम्मान डॉ. मुहम्मद कामरान, गंगाप्रसाद दीक्षित एवं अखिलेश्वर पांडेय अखिल को, राजर्षि पुरुषोत्तम दास टंडन रंगभारती सम्मान पूर्व-मंत्री रमापति शास्त्री को दिया गया। इनके अलावा गत 23 जून को आयोजित उत्तर प्रदेश की वर्षगांठ के हमारे आयोजन में दो महानुभावों का आगमन नहीं हो सका था, जिन्हें आज वे सम्मान समर्पित किए गए। उत्तर प्रदेश के पूर्व-मुख्यसचिव दुगार्शंकर मिश्र को डॉ. जनार्दन दत्त शुक्ल रंगभारती सम्मान। सुविख्यात चिकित्सक डॉ. राजीव लोचन को धन्वंतरि रंगभारती सम्मान।





