लखनऊ। उत्तर प्रदेश में कोरोना संक्रमण की रफ़्तार में फिर से तेज़ी आ गयी है। रविवार को प्रदेश के 75 जिलों से संक्रमण के 499 नए मामले सामने आये हैं। इसके बाद प्रदेश में संक्रमण के कुल मामलों की संख्या बढ़ कर 13615 हो गयी है। नए मामलों के साथ संक्रमण से 14 और लोगों की मौत हो गयी है। महामारी से अब तक 399 लोगों की जान जा चुकी है। रविवार को संक्रमण से सबसे ज़्यादा 6 मौतें मेरठ में हुई हैं। अन्य जिलों में आगरा, संभल में 2-2, बुलंदशहर, आजमगढ़, रायबरेली और हरदोई में 1-1 मरीज़ों की मृत्यु हो गयी है।
राजधानी लखनऊ में भी संक्रमित लोगों की संख्या थमने का नाम नहीं ले रही है। रविवार को 17 और लोग संक्रमित पाये गये। इनमें मुख्यमंत्री हेल्पलाइन के कर्मचारियों के परिवार के सदस्यों के अलावा एसजीपीजीआई का सफाई कर्मी, पीएससी व जीआरपी जवान सहित कृष्णानगर, निरालानगर व बालू अड्डा के मरीज शामिल हैं। प्रदेश में रविवार को सबसे ज़्यादा गौतमबुद्ध नगर में 83 लोगों की रिपोर्ट पॉजिटिव आयी है। इसके अलावा ग़ाज़ियाबाद में 30, मेरठ, जौनपुर में 27-27, बुलंदशहर में 23, कानपुर नगर में 18, अलीगढ में 17, आगरा, बाराबंकी में 15, गोरखपुर में 14, हाथरस में 13, इटावा में 11, फ़िरोज़ाबाद, मथुरा और फरुखाबाद में 10-10 नए मरीज़ मिले हैं।
प्रमुख सचिव स्वास्थ्य अमित मोहन प्रसाद ने प्रेस कांफ्रेंस में बताया कि प्रदेश में मरीज़ों का रिकवरी रेट लगातार बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि अब रिकवरी रेट बढ़ कर 60.72 फीसदी हो ज़्यादा हो गया है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में टेस्टिंग क्षमता निरन्तर बढ़ रही है। शनिवार को अब तक की एक दिन में सबसे ज़्यादा 15,762 सैम्पल की जांच की गयी। प्रदेश में अब तक कुल 4.56 लाख से अधिक सैम्पल की जांच की जा चुकी है। उन्होंने बताया कि प्रदेश के 75 जनपदों में 4,948 कोरोना के मामले एक्टिव हैं। अब तक 8,268 मरीज पूरी तरह से उपचारित हो चुके हैं। पूल टेस्ट के अन्तर्गत कुल 1243 पूल की जांच की गयी, जिसमें 1134 पूल 5-5 सैम्पल के तथा 99 पूल 10-10 सैम्पल के रहे।
प्रसाद ने बताया कि आशा वर्कर्स द्वारा अब तक 16,23,027 लाख कामगारों व श्रमिकों से उनके घर पर जाकर सम्पर्क किया गया। ग्राम और मोहल्ला निगरानी समितियों के द्वारा निगरानी का कार्य सक्रियता से किया जा रहा है। अब तक 1.20 लाख सर्विलांस टीम द्वारा 91,48,721 घरों के 4.66 करोड़ लोगों का सर्वेक्षण किया गया है। आरोग्य सेतु ऐप से जो अलर्ट जनरेट आने पर कन्ट्रोल रूम द्वारा निरन्तर फोन किया जा रहा है, और अब तक 79,582 लोगों को कन्ट्रोल रूम द्वारा फोन कर जानकारी प्राप्त की गयी।
प्रमुख सचिव ने बताया कि मल्टी स्टोरी टाॅवर के किसी स्टोरी पर संक्रमण मिलने पर उस बिल्डिंग को 21 दिन के बजाय 14 दिन के लिए सील किया जायेगा। उन्होंने बताया कि किसी घर से एक से ज्यादा संक्रमण के केस आने पर उस एरिया का 250 मीटर रेडियस या उस मोहल्ले को कन्टेन्मेन्ट जोन बनाया जायेगा।





