back to top

15 व्याख्यान और 23 पोस्टर किये गये प्रस्तुत

वरिष्ठ संवाददाता लखनऊ। लखनऊ विश्वविद्यालय के प्राणीशास्त्र विभाग के तत्वावधान में हेल्मिन्थोलॉजिकल सोसाइटी ऑफ इंडिया के सहयोग से मोनोजेनिया पर चार दिवसीय संगोष्ठी का उद्घाटन रविवार को लविवि कुलपति प्रो. आलोक कुमार राय ने किया। इसमें 30 से अधिक विदेशी और 34 भारतीय शोधकर्ताओं ने भाग लिया।

इस सम्मेलन के आयोजन सचिव डॉ. अमित त्रिपाठी ने प्रतिनिधियों का स्वागत किया और इस संगोष्ठी के उद्देश्य और संदर्भ को समझाया। कुलपति ने बड़ी संख्या में विदेशी नागरिकों की उपस्थिति पर प्रसन्नता व्यक्त की और प्रतिभागियों को अगले चार दिनों में उनके विचार-विमर्श के लिए शुभकामनाएं दीं। उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि विदेशी प्रतिनिधि लखनऊ और भारत के विभिन्न ऐतिहासिक और सांस्कृतिक रूप से महत्वपूर्ण स्थलों का दौरा करें।

पहले दिन 15 व्याख्यान और 23 पोस्टर प्रस्तुत किये गये। फ्रांस के पेरिस में नेशनल म्यूजियम आॅफ नेचुरल हिस्ट्री के प्रो. जस्टिन जेएल द्वारा मोनोजीनियंस की गैर-एकाधिकारता पर चर्चा दिन के मुख्य आकर्षणों में से एक थी। दक्षिण अफ्रीका में लिम्पोपो विश्वविद्यालय के आई पिक्रिलोवा ने इक्कीसवीं सदी में मोनोजेनियन वर्गीकरण के महत्व और स्थिति पर जोर दिया। डेनमार्क में कोपेनहेगन विश्वविद्यालय के कर्ट बुचमैन ने 1776 से 2023 तक डेनमार्क में मोनोजेनियन अनुसंधान के इतिहास के बारे में बात की।

पद्मश्री प्रो वीना टंडन ने अनुरान उभयचर में पॉलीस्टोम मोनोजेनियन स्पेक्ट्रम पर चर्चा की। इस संगोष्ठी के तहत शाम को रंगारंग कार्यक्रम का भी आयोजन हुआ। कार्यक्रम के माध्यम से भारत की कला और लोक संस्कृति को प्रस्तुत किया गया। अनुष्का प्रसाद द्वारा दक्षिण भारत के भरतनाट्यम नृत्य की प्रस्तुति के साथ समन्वय समूह द्वारा कथक के माध्यम से गणेश वंदना और उसके बाद सूफी कथक प्रस्तुत किया गया। तबला व सितार जुगलबंदी में नवीन मिश्र, संकल्प मिश्र व विकास मिश्र ने छाप छोड़ी।

तुषार राणा द्वारा राजस्थानी, हरियाणवी एवं पंजाबी लोकनृत्य प्रस्तुत किये गये। अभिनव श्याम तिवारी ने अपने गिटार पर अंग्रेजी गानों की धुन बजाकर विदेशी मेहमानों को मंत्रमुग्ध कर दिया। अंत में लखनऊ विश्वविद्यालय के अंतर्राष्ट्रीय छात्रों ने श्रीलंका की अद्भुत प्रस्तुति दी जिसने सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। कार्यक्रम का संचालन जंतु विज्ञान विभाग से डॉ. आकांशा ने किया तथा कार्यक्रम की समन्वयक अर्थशास्त्र विभाग से प्रो. रोली मिश्रा थीं। कार्यक्रम में प्रो.अनूप कुमार भारती एवं प्रो.गीतांजलि मिश्रा सहित अन्य शिक्षक एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।

RELATED ARTICLES

जैन मंदिर में सिद्धचक्र महामंडल विधान का भव्य शुभारंभ

घट यात्रा, ध्वजारोहण और मंत्र जाप के साथ गूंजा पूरा वातावरणलखनऊ। दिगंबर जैन समाज के परम पूज्य आचार्य सुबल सागर जी महाराज के मंगल...

समय की कीमत समझने वाला ही जीवन में करता है तरक्की : विहसंत सागर जी महाराज

लखनऊ। आशियाना दिगंबर जैन मंदिर में चल रहे पावन वषार्योग (चातुर्मास) के अंतर्गत आयोजित धर्मसभा में पूज्य उपाध्याय श्री 108 विहसंत सागर जी महाराज...

गोरखपुर, वाराणसी, अयोध्या समेत 16 जिलों में तीन महीने में घर पर नहीं हुई डिलीवरी

योगी सरकार ने मातृ एवं नवजात स्वास्थ्य में हासिल की बड़ी उपलब्धि,आशा कार्यकर्ताओं, एंबुलेंस सेवाओं और स्वास्थ्य व्यवस्थाओं का अहम योगदान लखनऊ। प्रदेश सरकार ने...

डॉ.दरबारी लाल अस्थाना स्मृति सम्मान से अलंकृत होंगी डॉ.दिव्या श्रीवास्तव

यह आयोजन दयानंद इंटर कॉलेज परिसर में 25 जुलाई को होगादयानंद कन्या इंटर कॉलेज की प्रधानाचार्या डॉ.दिव्या श्रीवास्तव को दिया जाएगा स्वतंत्रता सेनानी डॉ.दरबारी...

जैन मंदिर में सिद्धचक्र महामंडल विधान का भव्य शुभारंभ

घट यात्रा, ध्वजारोहण और मंत्र जाप के साथ गूंजा पूरा वातावरणलखनऊ। दिगंबर जैन समाज के परम पूज्य आचार्य सुबल सागर जी महाराज के मंगल...

समय की कीमत समझने वाला ही जीवन में करता है तरक्की : विहसंत सागर जी महाराज

लखनऊ। आशियाना दिगंबर जैन मंदिर में चल रहे पावन वषार्योग (चातुर्मास) के अंतर्गत आयोजित धर्मसभा में पूज्य उपाध्याय श्री 108 विहसंत सागर जी महाराज...

ऐतिहासिक किरदार निभाना है सपना : परिचय शर्मा

लखनऊ। 'सड्डा हक' 'बालिका वधू' 'स्वराज' और 'बेगूसराय' जैसे चर्चित टीवी शोज में अपनी दमदार अभिनय छाप छोड़ने वाले अभिनेता परिचय शर्मा इन दिनों...

‘दिल दीवाना हो गया’ 31 को होगी रिलीज

निर्माता इश्पॉल सिंह चावला ने तीन नए कलाकारों पर जताया भरोसालखनऊ। रोमांस, भावनाओं और पारिवारिक रिश्तों पर आधारित हिंदी फिल्म दिल दीवाना हो गया...

गुरु पूर्णिमा पर 5 चीजों का दान करने से मिलेगा गुरु का आशीर्वाद

लखनऊ। सनातन धर्म में गुरु पूर्णिमा का पर्व गुरु के प्रति श्रद्धा, सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त करने का विशेष अवसर माना जाता है. वर्ष...