सुषमा अनिल फाउण्डेशन ने पितृ दिवस की पूर्व संध्या पर आयोजित की, सांस्कृतिक संध्या पिता तुझे सलाम
लखनऊ। सुषमा अनिल फाउण्डेशन की और से पितृ दिवस की पूर्व संध्या पर पिता तुझे सलाम सांस्कृतिक संध्या का आयोजन शनिवार 20 जून 2026 को भारतीयम् भवन, एम-4/76 विनय खण्ड गोमती नगर में किया गया। इस अवसर पर संयोजिका अंकिता ने अपने पिता स्वर्गीय अनिल को पुष्पांजलि अर्पित की। इसके साथ ही फाउण्डेशन की संरक्षिका सुषमा पाण्डेय ने आमंत्रित लोकप्रिय गायिका मांडवी तिवारी एवं विशिष्ट अतिथि साइंसटून के विशेषज्ञ एवं लखनऊ विश्वविद्यालय के रिन्यूएबल एनर्जी प्रोग्राम के पूर्व गेस्ट फैकल्टी संदीप बिसारिया जी का माल्यार्पण, अंगवस्त्र एवं भेंट प्रदान कर अभिनंदन किया। वर्तमान में संदीप पर्यावरण विशेषज्ञ के रूप में सेवाएं दे रहे हैं।
कार्यक्रम का आरंभ प्रथम देव की गणपति वंदना सखी मंगल गाओ री से हुआ। प्रसिद्ध भजन राम आएंगे के उपरांत पिता की महिमा को समर्पित पितृ गीत उजाला जगत का जिनसे मिला, जीवन का है आधार पिता, जब थाम के उंगली चलते थे, लगे छोटा सा संसार पिता सुनाया तो श्रोताओं की आंखे नम हो आयीं। इस क्रम में उन्होंने देशभक्ति का रुख करते हुए लोकप्रिय देश भक्ति गीत ऐ मेरे प्यारे वतन, ऐ मेरे बिछड़े चमन, तुझ पे दिल कुर्बान सुनाकर प्रशंसा हासिल की। इस क्रम में उन्होंने श्रोताओं की विशेष मांग पर पटना से बैदा बुलाई द और कहे तोसे सजना जैसे लोकप्रिय गीत भी सुनाए। अंत में उन्होंने गजल जाने किस बात की वो मुझको सजा देता है गजल सुनाकर शाम को परवान चढ़ाया। तबला वादन में उनका प्रभावी साथ विनय कुमार यादव ने दिया। फाउण्डेशन की सचिव अंकिता ने बताया कि उनके पिता स्वर्गीय अनिल पाण्डेय ने वाराणसी के प्रतिष्ठित राम प्यारी इंटर कॉलेज में साल 1990 से बतौर अध्यापक अपनी सेवाएं दी। साल 1969 में जन्में अनिल का स्वर्गवास 23 अप्रैल 2005 में हुआ था। वे अपने पैतृक गांव ऐढ़े जिला लमही के उत्थान के लिए हमेशा प्रयासरत रहे। उन्होंने बालिका शिक्षा एवं सर्व शिक्षा के लिए सर्वाधिक कार्य किया। उन्होंने हमेशा समाज में ऊंच-नीच का बहिष्कार करने का संदेश दिया। उनके अनुसार राष्ट्र के उत्थान में समाज के हर व्यक्ति की अहम् भूमिका है। उनके अनुसार सुषमा अनिल फाउण्डेशन ने विगत वर्षों में बनारस में सनातन उत्थान के लिए सुंदरकांड और जागरण आदि का आयोजन किया है वहीं दान एवं भंडारों का आयोजन भी समय-समय पर किया है। इसके अगले चरण में प्रवेश करते हुए लखनऊ में भारतीय संस्कृति के उत्थान के लिए सांस्कृतिक आयोजनों की वृहद श्रंख्ला शुरू की गई है। इसके तहत इवेंट मैनेजमेंट से लेकर कार्यशालाओं तक का आयोजन किया जाएगा।
इस अवसर पर वरिष्ठ रंगकर्मी पुनीत अस्थाना, शुभ्रा, अनिल दीपक, रत्ना आनन्द, अगम्या, पावनी नमन, नीलम गुप्ता, रश्मि गुप्ता, रीता मनराल, अनुजा पाण्डेय, बबीता साहू, कल्पना शर्मा, पिंकी मिश्रा, राष्ट्रीय सनातन समिति के संयोजक लक्ष्मण गौड़ सहित बड़ी संख्या में गणमान्य जन उपस्थित रहें। उन्होंने पिता को नमन अर्पित करने हेतु आयोजित पिता तुझे सलाम सांस्कृतिक संध्या की भूरि-भूरि प्रशंसा की।





