नई दिल्ली। शाहीन बाग में हालात को देखते हुए प्रदर्शन स्थल के पास रैपिड एक्शन फोर्स तैनात की गई है। इस संबंध में दिल्ली पुलिस ने कहा है कि सुरक्षा के लिहाज से फोर्स की तैनाती की गई है। इससे पहले जामिया मिलिया इस्लामिया यूनिवर्सिटी के बाहर रविवार देर रात अज्ञात लोगों ने फायरिंग कर दी थी। इसमें कोई हताहत नहीं हुआ। यहीं कुछ दूरी पर नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ प्रदर्शन चल रहा है।
बता दें कि रविवार रात स्कूटी से आए हमलावरों ने यूनिवर्सिटी के गेट नंबर-5 के पास गोली चलाई। पुलिस ने चश्मदीदों के बयान के आधार पर एफआईआर दर्ज की। इससे पहले जामिया और शाहीन बाग इलाके में लगातार फायरिंग की घटनाएं सामने आने पर चुनाव आयोग ने रविवार रात डीसीपी साउथ-ईस्ट चिन्मय बिस्वाल का ट्रांसफर कर दिया। इससे पहले 30 जनवरी को एक बंदूकधारी हमलावर ने जामिया इलाके में सीएए के खिलाफ मार्च निकाल रहे लोगों पर फायरिंग की थी।
इसके बाद एक फरवरी को शाहीन बाग इलाके में एक लड़के ने हवा में दो राउंड फायरिंग की थी। पिछले चार दिनों में प्रदर्शन स्थलों के पास गोलीबारी की यह तीसरी घटना है। एसीपी ने बताया कि पुलिस की एक टीम घटनास्थल से सीसीटीवी फुटेज लेने जाएगी। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। एफआईआर में प्रत्यक्षदर्शियों के बयान भी शामिल किए गए। इसके मुताबिक, रविवार रात करीब 11:30 बजे जामिया के गेट नंबर-7 की तरफ से स्कूटी से दो लोग आए।
पीछे बैठे व्यक्ति ने गेट नंबर-5 के पास स्कूटी पर खड़े होकर ही फायरिंग कर दी। इसके बाद हमलावर होली फैमिली हॉस्पिटल की तरफ भाग निकले। रिपोर्ट्स के मुताबिक, हमलावर लाल रंग की स्कूटी पर सवार थे। एक युवक ने लाल रंग की जैकेट पहनी थी। घटना के बाद यूनिवर्सिटी के छात्रों ने जामिया नगर पुलिस स्टेशन का घेराव कर लिया। हालांकि, पुलिस की तरफ से शिकायत दर्ज किए जाने और एसएचओ की तरफ से समझाने के बाद सभी छात्र वापस लौट गए।





