- ओपन बिड के माध्यम से वृंदावन बॉटलर्स एंड रॉकवुड होटल्स के कंसोर्टियम का हुआ चयन
लखनऊ। नौ साल से जांच से घिरे सपा सरकार का ड्रीम प्रोजेक्ट जयप्रकाश नारायण इंटरनेशनल सेंटर (जेपीएनआईसी) के संचालन का रास्ता साफ हो गया है इसके सम्बंध में लखनऊ विकास प्राधिकरण की ओर से तैयार कराये गये प्रस्ताव पर मंगलवार को कैबिनेट ने मुहर लगा दी है। इसके तहत जेपीएनआईसी को संचालन के लिए निजी कंपनी/कंसोर्टियम को 35 वर्षों की लीज पर दिया जाएगा। इसके लिए ओपन बिड के माध्यम से वृंदावन बॉटलर्स एंड रॉकवुड होटल्स के कंसोर्टियम का चयन किया गया है।
जेपीएनआईसी में वर्तमान में इंटीरियर, इलेक्ट्रिकल एवं फायर उपकरण सहित विभिन्न अवशेष कार्यों को पूर्ण कराने में 200 से 250 करोड़ रुपये की लागत अनुमानित है। अनुबंध के अनुसार चयनित कंसोर्टियम को अपने खर्च से 02 वर्ष के अंदर सभी अवशेष कार्य पूर्ण कराकर जेपीएनआईसी का संचालन शुरू करना होगा। इतना ही नहीं, कंसोर्टियम को अनुबंध की शर्तों के तहत 25 करोड़ रुपये की परफॉर्मेंस गारंटी प्राधिकरण में जमा करनी होगी।
वहीं, स्वीकृति पत्र प्राप्त होने पर कंसोर्टियम द्वारा प्राधिकरण को 10 करोड़ 11 लाख रुपये का भुगतान किया जाएगा। जेपीएनआईसी का संचालन शुरू होने के बाद कंसोर्टियम की ओर से एलडीए को प्रति वर्ष 06 करोड़ रुपये का भुगतान किया जाएगा। इस राशि में प्रत्येक वर्ष 05 प्रतिशत की वृद्धि की जाएगी और निर्धारित लीज अवधि पूर्ण होने तक यह सालाना धनराशि लगभग 35 करोड़ रुपए हो जाएगी। इस प्रकार से जेपीएनआईसी के संचालन से प्राधिकरण को दीर्घकालिक रूप से नियमित राजस्व प्राप्त होगा।
एलडीए उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार ने बताया कि इसके निर्माण में लगभग 821 करोड़ रुपये की लागत आयी है, जिसे एलडीए अगले 30 वर्षों में शासन को वापस करेगा। दीर्घकालिक लीज व्यवस्था से जेपीएनआईसी के रखरखाव, अवशेष कार्यों को पूर्ण कराने और इसके प्रभावी संचालन के साथ-साथ प्राधिकरण पर वित्तीय भार को व्यवस्थित करने में मदद मिलेगी। एलडीए उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार ने बताया कि जेपीएनआईसी में निर्मित होटल, कन्वेंशन सेंटर, आॅडिटोरियम, पार्किंग एवं स्पोर्ट्स फैसिलिटी का संचालन चयनित कंसोर्टियम की ओर से किया जाएगा। वहीं, म्यूजियम ब्लॉक के संचालन का अधिकार लखनऊ विकास प्राधिकरण के पास सुरक्षित रहेगा। उन्होंने बताया कि जेपीएनआईसी को एक आधुनिक बहुउद्देश्यीय केंद्र के रूप में विकसित करने की दिशा में यह व्यवस्था महत्वपूर्ण कदम है।
उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार ने बताया कि चयनित कंसोर्टियम की ओर से जेपीएनआईसी में स्पोर्ट्स फैसिलिटी मेंबरशिप एवं क्लब मेंबरशिप का प्रावधान किया जाएगा। जिसके लिए लोगों को शुल्क देना होगा। हालांकि, मेंबरशिप के लिए प्रभावी दरों का निर्धारण कंसोर्टियम की ओर से नहीं, बल्कि कमेटी की तरफ से किया जाएगा।
जेपीएनआईसी के संचालन के लिए एलडीए की ओर से मार्च 2026 में ग्लोबल टेंडर आमंत्रित किया गया था। इसमें तीन बड़ी कंपनियों/कंसोर्टियम ने प्रतिभाग किया। निर्धारित प्रक्रिया के तहत प्राप्त निविदाओं का परीक्षण एवं मूल्यांकन करने के बाद ओपन बिड के माध्यम से वृंदावन बॉटलर्स एंड रॉकवुड होटल्स के कंसोर्टियम का चयन किया गया है। रॉकवुड होटल्स की ओर से दुबई एवं न्यूयॉर्क समेत 30 बड़े देशों में होटल श्रृंखलाओं का सफलतापूर्वक संचालन किया जा रहा है। वहीं, वृंदावन बॉटलर्स प्रदेश की सबसे बड़ी बॉटलिंग कंपनी है, जिसका सालाना टर्न ओवर लगभग 400 करोड़ रुपये है।





