back to top

लखनऊ में भू माफियाओं, बिल्डरों और अफसरों की मिलीभगत की कार्यप्रणाली का बड़ा खेल

गलत रिपोर्ट पर सील खुलवाकर प्रवर्तन इंजीनियरों ने बनवा दी इमारत, सवालों के घेरे में प्रवर्तन की कार्यवाही, कमिश्नर को भी समझ न आई

लखनऊ,विशेष संवाददाता। राजधानी में भू माफियाओं, बिल्डरों और अफसरों की मिलीभगत की कार्यप्रणाली का बड़ा खेल सामने आया है। प्राधिकरण के प्रवर्तन अनुभाग से जुडेÞ जिम्मेदार ही अवैध निर्माणों को पनाह देने का काम कर रहे हैं। सील इमारत को खड़ी कराने के इस खेल में पहले निर्माणाधीन इमारत को सील किया जाता है फिर मनमाने तरीके से अवैध को वैध बताकर सील खोल कर निर्माण पूरा करा दिया जाता है।

प्रवर्तन टीम की ओर से बीते दिनों की गई सीलिंग की कार्रवाई पर नजर डालेंगे तो पूरी व्यवस्था से नकाब उठ जाएगा। कमिश्नर व एलडीए के अध्यक्ष विजय विश्वास पंत ने सुनवाई के बाद भी अवैध निर्माण होने पर जांच के निर्देश दिए हैं। आरोप है कि प्रवर्तन जोन छह के जिम्मेदार इंजीनियरों, अफसरों ने थाना अमीनाबाद क्षेत्र की गन्ने वाली गली में आवासीय भूखंड पर कॉम्प्लेक्स बनवा दिया। हालांकि जवाबदेही से बचने के लिए अवैध निर्माणकर्ता को नोटिस जारी की गई और उसे सील भी किया गया।

अब कागजी कार्रवाई फाइल में बंद हो गई और अब अवैध बिल्डिंग बनकर तैयार है। मजे की बात यह है कि शिकायत हुई तो बताया गया कि बिल्डिंग के ध्वस्तीकरण का आदेश दिया गया है, लेकिन लोग पूछ रहे हैं कि आखिर इमारत बन कैसे गई? ऐसे ही एक और मामला जोन छह का ही है। अवैध रूप व्यावसायिक कॉम्लेक्स के निर्माण के संबंध में शिकायत की जांच की जाए तो कई सफेद नकाबपोशों के काले कारनामों से परदा उठ जाएगा। मगर जिम्मेदारों ने शिकायत को ही ठंडे बस्ते में डाल दिया है।

जनता अदालत में की गई इस शिकायत के अनुसार अमीनाबाद एक व्यस्त बाजार होने के कारण अक्सर यहां जाम की स्थिति रहती है। इसके बाद भी एलडीए अधिकारियों और इंजीनियरों पर मिलीभगत से अवैध रूप से बिना मानचित्र स्वीकृत कराए सील बिल्डिंग में एक बेसमेंट के अलावा तीन मंजिला अवैध निर्माण करवा दिया गया है। बताया गया कि अमीनाबाद में मेसर्स अजय ज्वैलर्स ने गणेशगंज में अवैध निर्माण करवा दिया। इस इमारत को बीते वर्ष एलडीए ने सील किया था।

दिन रात अवैध निर्माण कराते हुए चार मंजिला, बेसमेंट का निर्माण किया जा चुका है। जब सील बिल्डिंग में निर्माण की शिकायत हुई तो प्रवर्तन की गलत रिपोर्ट लगाकर विहित प्राधिकारी से सील खोलने के आदेश जारी करा दिए गए। आरोप है कि कॉम्पलेक्स को रिपोर्ट में 71 वर्गमीटर का दिखा दिया गया है।

अब आने वाले समय में यही निर्माण यहां के लिए जाम की और भीषण समस्या की वजह बनेगा। साथ ही यह अग्निकांड सहित अन्य आपदाओं में सुरक्षा को लेकर भी बड़ा खतरा उत्पन्न कर सकता है। वहीं इस तरह की कार्यशैली से भ्रष्ट अवर अभियंताओं, सहायक अभियंताओं को कटघरे में खड़ा कर रहा है। मिली जानकारी के अनुसार प्रवर्तन के इंजीनियर, अफसर रणनीति के तहत बिना नक्शे व मानकों के विपरीत अवैध निर्माणों को संरक्षण दे रहे हैं।

नोटिस के बाद निर्माण पर कमिश्नर सख्त, होगी कार्रवाई
कमिश्नर व एलडीए के अध्यक्ष विजय विश्वास पंत ने भी ऐसे मामलों को गंभीरता से लेते हुए एलडीए उपाध्यक्ष को जांच के निर्देश दिए हैं। उन्होंने सम्बंधित अधिकारी व कर्मचारियों का उत्तरदायित्व निर्धारित करने को कहा है। कमिश्नर की ओर से एलडीए वीसी को लिखे गए पत्र के अनुसार विहित प्राधिकारी न्यायालय के प्रत्येक जोन में 05 सबसे पुराने वादों की मौजूदा स्थिति की रिपोर्ट मांगी गई थी।

अधिकारियों की ओर से दी गई सूचना में वाद दाखिल करने के समय निर्माण स्थल की जो फोटोग्राफ लगाई गई थी वह वर्तमान स्थिति की फोटोग्राफ से बिल्कुल विपरीत थी। कमिश्नर ने कहा है कि देखने से स्पष्ट है कि अधिकांश निर्माण पूर्ण हो गये हैं व उनमें रिहायशी व व्यवसायिक गतिविधियां भी संचालित हो रही हैं।

इससे साफ है कि सम्बंधित अधिकारियों व कर्मचारियों की ओर से लापरवाही बरती गई। उन्होंने कहा है कि किन परिस्थितियों में नोटिस के बावजूद इन स्थलों पर निर्माण हुआ, इसकी जांच करते हुए सम्बन्धित अधिकारी व कर्मचारियों का उत्तरदायित्व निर्धारित किया जाय। ऐसे मामलों में वाद दाखिल करने से अभी तक हुए निर्माण की जांच रिपोर्ट 15 फरवरी तक मांगी है।

RELATED ARTICLES

चल ना रील बनाते हैं’ कैसे बना जेन ज़ी का नया एंथम? अमित त्रिवेदी ने सुनाया दिलचस्प किस्सा

मुंबई। वॉल्यूम बढ़ा दीजिए, क्योंकि जेन ज़ी का नया एंथम आ चुका है। स्टार प्लस के नए शो 'ये फितूर तेरा' का म्यूज़िक वीडियो...

ये फितूर तेरा रिव्यू: कबीर सिंह की याद दिलाता है जीत का अंदाज़, लेकिन पहचान है बिल्कुल अलग

रेटिंग: 4/5 ये फितूर तेरा का पहला एपिसोड चेहरे पर मुस्कान छोड़ जाता है। बिना किसी बड़े ट्विस्ट या ज़बरदस्ती के ड्रामे के, शो आराम...

महाराष्ट्र में कृत्रिम पनीर के बनाने व बिक्री पर एक साल का प्रतिबंध

मुंबई । महाराष्ट्र सरकार ने खाद्य सुरक्षा मानकों के व्यापक उल्लंघन और जनस्वास्थ्य संबंधी चिंताओं के मद्देनजर कृत्रिम (एनालॉग) पनीर के निर्माण एवं बिक्री...

चल ना रील बनाते हैं’ कैसे बना जेन ज़ी का नया एंथम? अमित त्रिवेदी ने सुनाया दिलचस्प किस्सा

मुंबई। वॉल्यूम बढ़ा दीजिए, क्योंकि जेन ज़ी का नया एंथम आ चुका है। स्टार प्लस के नए शो 'ये फितूर तेरा' का म्यूज़िक वीडियो...

ये फितूर तेरा रिव्यू: कबीर सिंह की याद दिलाता है जीत का अंदाज़, लेकिन पहचान है बिल्कुल अलग

रेटिंग: 4/5 ये फितूर तेरा का पहला एपिसोड चेहरे पर मुस्कान छोड़ जाता है। बिना किसी बड़े ट्विस्ट या ज़बरदस्ती के ड्रामे के, शो आराम...

महाराष्ट्र में कृत्रिम पनीर के बनाने व बिक्री पर एक साल का प्रतिबंध

मुंबई । महाराष्ट्र सरकार ने खाद्य सुरक्षा मानकों के व्यापक उल्लंघन और जनस्वास्थ्य संबंधी चिंताओं के मद्देनजर कृत्रिम (एनालॉग) पनीर के निर्माण एवं बिक्री...

संसद परिसर में विपक्ष का मार्च, गृह मंत्री से सदन में आकर जवाब देने की मांग की

नयी दिल्ली। अयोध्या स्थित राम मंदिर में कथित चढ़ावा चोरी, प्रदर्शनकारी छात्रों पर पुलिस कार्रवाई के विरोध में और जम्मू-कश्मीर का पूर्ण राज्य का...

फेसबुक से प्रधानमंत्री का भाषण हटाने के मामले में संसदीय समिति ने जुकरबर्ग को माफी के लिए 3 दिन दिए

नयी दिल्ली। संसद की एक स्थायी समिति ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का भाषण फेसबुक से हटाए जाने के मामले में बुधवार को मेटा के...

‘सनातन और श्रीराम को बदनाम करने की साजिश’-विधानसभा में गरजे सीएम योगी

लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि मंदिर चढ़ावा प्रकरण और सदन में विपक्ष के हंगामे को लेकर समाजवादी पार्टी व कांग्रेस...