दिल्ली। अमेरिकी नौसेना के एक एयरशो के दौरान बड़ा हादसा सामने आया, जब दो आधुनिक F/A-18 हॉरनेट लड़ाकू विमान हवा में आपस में टकराकर क्रैश हो गए। यह दुर्घटना उस समय हुई जब दोनों विमान दर्शकों के सामने हवाई करतब दिखा रहे थे। घटना के बाद कुछ देर के लिए अफरातफरी का माहौल बन गया, लेकिन राहत की बात यह रही कि सभी क्रू सदस्य सुरक्षित बच निकले।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, एयरशो के दौरान दोनों फाइटर जेट बेहद करीब उड़ान भर रहे थे। शुरुआत में लोगों को लगा कि यह प्रदर्शन का हिस्सा है, लेकिन अचानक दोनों विमानों के बीच टक्कर हो गई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि विमानों के पुर्जे हवा में ही टूटकर गिरने लगे। कुछ ही सेकंड में स्थिति स्पष्ट हो गई कि यह एक गंभीर हादसा है।
टक्कर के तुरंत बाद दोनों विमानों में सवार पायलट और क्रू मेंबर्स ने आपातकालीन प्रक्रिया अपनाते हुए खुद को इजेक्ट कर लिया। आसमान में पैराशूट खुलते ही चारों क्रू सदस्यों को धीरे-धीरे नीचे उतरते देखा गया। इसके कुछ ही पलों बाद दोनों फाइटर जेट तेजी से जमीन की ओर गिरे और जोरदार धमाके के साथ क्रैश हो गए। दुर्घटनास्थल पर आग का बड़ा गोला उठता दिखाई दिया, जिससे आसपास के इलाके में दहशत फैल गई।
अधिकारियों के अनुसार, दोनों विमानों में कुल चार लोग सवार थे और सभी ने समय रहते इजेक्शन कर अपनी जान बचा ली। वे हादसे की जगह से कुछ दूरी पर सुरक्षित लैंड हुए, जिसके बाद तुरंत रेस्क्यू टीमों ने उन्हें अपनी निगरानी में ले लिया। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, सभी की हालत स्थिर बताई जा रही है और उन्हें एहतियातन चिकित्सा जांच के लिए ले जाया गया।
संयुक्त राज्य नौसेना की ओर से जारी बयान में बताया गया कि यह हादसा नियमित हवाई प्रदर्शन के दौरान हुआ। यूएस पैसिफिक फ्लीट की नेवल एयर फोर्सेस की प्रवक्ता कमांडर अमेलिया उमायाम ने पुष्टि की कि सभी क्रू सदस्य सुरक्षित हैं और घटना की विस्तृत जांच शुरू कर दी गई है। उन्होंने कहा कि यह पता लगाया जा रहा है कि दोनों विमानों के बीच टक्कर कैसे हुई और क्या इसमें तकनीकी गड़बड़ी या मानवीय त्रुटि शामिल थी।
बेस अधिकारियों ने भी बताया कि क्रू मेंबर्स को हल्की चोटें आई हो सकती हैं, लेकिन उनकी स्थिति खतरे से बाहर है। फिलहाल हादसे वाली जगह को सील कर दिया गया है और मलबे की जांच की जा रही है।
यह घटना एयरशो के दौरान सुरक्षा प्रोटोकॉल और जोखिमों को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े करती है। हालांकि, त्वरित प्रतिक्रिया और पायलटों की सूझबूझ के चलते एक बड़ा हादसा टल गया और किसी की जान नहीं गई।





