लखनऊ। पर्वतीय महापरिषद की ओर से उत्तरायणी कौथिग के रजत जयंती समारोह का आगाज बुधवार से होगा। 15 दिवसीय कौथिग 2026 का शुभारंभ बुधवार शाम को उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी करेंगे। मंगलवार को कौथिग स्थल पर महापौर सुषमा खर्कवाल पहुंचीं। उन्होंने तैयारियों का जायजा लिया। सभी जरूरी कार्य तेजी से कराने के निर्देश दिए। साथ ही पर्वतीय समाज की महिलाओं के बीच बैठक पहाड़ी घुघुते तले। कौथिग स्थल पर मंगलवार दिन में महापौर पहुंचीं। महापौर ने स्थल का जायजा लिया। इस बीच पर्वतीय समाज की महिलाओं के बीच बैठकर महापौर ने उत्तराखंड के पारंपरिक मीठे व्यंजन पहाड़ी घुघुते तले। यह घुघुते मुख्य रूप से मकर संक्रांति पर बनते हैं। यह आटे, गुड़, सौंफ, तिल और सूजी से बनता है, जिसे अलग-अलग आकार में घी या तेल में तला जाता है। यह पहाड़ का एक कुरकुरा, हेल्दी स्नैक भी होता है। महापौर ने नगर निगम और दूसरे विभागों के अफसरों को निर्देश दिए कि सभी जरूरी कार्य जल्द पूरे कर लिए जाएं। उन्होंने बंधे पर बन रही सड़क के निर्माण में तेजी लाने के भी संबंधित अफसरों को निर्देश दिए।
महानगर से निकलेगी भव्य शोभा यात्रा
पर्वतीय महापरिषद के अध्यक्ष गणेश चंद्र जोशी और महासचिव महेंद्र सिंह रावत ने बताया कि बीरबल साहनी मार्ग स्थित पं. गोविंद बल्लभ पंत पर्वतीय सांस्कृतिक उपवन पर उत्तरायणी कौथिग 2026 रजत जयंती वर्ष इस बार बुधवार से शुरू होकर 28 जनवरी तक चलेगा। पत्रकार वार्ता में बताया कि उत्तरायणी कौथिग का विधिवत उद्घाटन उपवन पर शाम को उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी करेंगे। उससे पहले महानगर रामलीला मैदान से दोपहर दो बजे कौथिग मेले का उद्घाटन होगा। मैदान से विभिन्न झांकियों से सजे धजे रथों एवं बाजे गाजे के साथ झूमते नीलमथा, तेलीबाग, कल्याणपुर, गोमती नगर, सरोजनी नगर, इंदिरा नगर, राजाजीपुरम, एलडीए कालोनी कानपुर रोड, विकास नगर, कुर्मांचल नगर, सीतापुर रोड व विभिन्न क्षेत्रों से आए महिलाएं पुरूष भव्य शोभा यात्रा में शामिल होकर कौथिग स्थल पर पहुंचेंगे।
भव्य मंच तैयार
एलइडी से जगमगाया कौथिग उत्तरायणी कौथिग का मुख्य मंच में 10 फुट ऊंची 28 फुट लंबी एलइडी लगाई गई है। मंच के दाएं और बाएं उत्तराखंड के घरों का सुंदर छायाचित्र लगाया गया है, जो कि देखने में वास्तविक सा जान पड़ता है। मंच उत्तराखंड की झलक समेटे है। कौथिग में उत्तराखंड की मुख्य बाजारों के नाम से स्टाल तैयार हैं, जिसमें खाद्य पदार्थां, ऊनी वस्त्रों, हस्तशिल्प उत्तराखंड की बाल मिठाई समेत कई वस्तुओं की भरमार रहेगी। इस बार उत्तराखंड के देवी देवताओं के नाम पर देव भूमि गैलरी बनाई गई है, जिसमें उत्तराखंड के देवी देवताओं को स्थापित किया गया है।
सम्मान से नवाजे जाएंगे कलाकार
पर्वतीय महापरिषद उत्तरायणी कौथिग के मंच से विशिष्ट सेवाओं के लिए पर्वत गौरव सम्मान, वीर चन्द्र सिंह गढ़वाली वीरता सम्मान, गौरा देवी महिला सम्मान, डॉ. एमसी पंत चिकित्सा सम्मान, श्यामाचरण काला पत्रकारिता सम्मान, बीएम शाह नाट्य कला सम्मान, गोपाल उपाध्याय साहित्य सम्मान, रणवीर सिंह बिष्ट कला सम्मान, देबकी नन्दन पाण्डेय उद्घोषक सम्मान, श्री गोविन्द नयाल सामाजिक सेवा सम्मान, दीवान सिंह डोलिया लोक कला सम्मान एवं युवा सम्मान प्रदान करेगी। कौथिग में इनका विशेष योगदान कार्यक्रम स्थल पर मुख्य संयोजक टीएस मनराल, संयोजक केएन चंदोला, अध्यक्ष गणेश चंद्र जोशी, महासचिव महेंद्र सिंह रावत, मीडिया प्रभारी भुवन पांडेय, उपाध्यक्ष मोहन सिंह बिष्ट मोना, जेपी डिमरी, ज्ञान पंत, केसी पंत, केएस रावत, गोपाल गौलाकोटी, भुवन पांडेय, केएन पाठक, शंकर पाण्डेय, रमेश उपाध्याय, केएन पाण्डेय, गोविन्द बोरा, महेन्द्र पंत, ख्याली सिह कडाकोटी, सुमन सिह रावत, गंगा भट्ट, सुमन मनराल, जानकी अधिकारी, पुष्कर नयाल, नारायण दत्त पाठक, माया भट्ट, मन्जु शर्मा, एमएस मेहता, गोविन्द पाठक, जीडी भट्ट आदि का विशेष योगदान रहा है।





