- 17 जिलों में 28 दिनों से संक्रमण का कोई नया केस नहीं आया सामने
- मामूली लक्षणों वाले मरीजों को अस्पताल के बजाय घर में ही पृथक रखना अधिक सुरक्षित
- मुंबई, दिल्ली, अहमदाबाद समेत 15 शहरों से तय होगी कोरोना के खिलाफ जंग की दिशा
नई दिल्ली। स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा है कि देश में अब तक स्वस्थ होने वाले संक्रमित मरीजों की संख्या बढ़कर 6,868 हो गयी है। यह कुल संक्रमित मरीजों की संख्या का 23.3 प्रतिशत है। लॉकडाउन से पहले मरीजों की संख्या दोगुना होने में तीन दिन का समय लग रहा था, लेकिन अब यह दर बढ़कर दस दिन हो गयी है।
इस बीच, नीति आयोग के सीईओ अमिताभ कांत ने कहा है कि भारत की कोरोना से लड़ाई में जीतने का सारा दारोमदार 15 शहरों मुंबई, पुणे, ठाणे, दिल्ली, हैदराबाद, अहमदाबाद, जयपुर, इंदौर, वडोदरा, कुरनूल, जोधपुर, आगरा, भोपाल, चेन्नई व सूरत पर निर्भर करेगा। इनके हालात से ही देश की सफलता के स्तर का पता चलेगा।
मंत्रालय ने बताया कि पिछले 24 घंटों के दौरान 684 मरीजों को स्वस्थ्य होने पर अस्पताल से छुट्टी दी गयी है। अग्रवाल ने बताया कि जिला स्तर पर चलाये जा रहे संक्रमण रोधी अभियान के कारण देश के 17 जिले ऐसे हैं, जिनमें पिछले 28 दिनों से संक्रमण का एक भी मामला सामने नहीं आया है। सोमवार को ऐसे जिलों की संख्या 16 थी।
उन्होंने कहा कि 25 अप्रैल के बाद इस सूची में दो जिले (पश्चिम बंगाल का कलिमपोंग और केरल का वायनाड) जुड़े हैं। वहीं, बिहार के लखीसराय जिले में संक्रमित मरीज मिलने के कारण यह जिला इस सूची से बाहर हो गया है। अग्रवाल ने बताया कि मंत्रालय ने बेहद मामूली लक्षणों वाले संक्रमित मरीजों को घर में ही पृथक रख कर इलाज और देखभाल करने के बारे में दिशानिर्देश जारी किये हैं।
ये दिशानिर्देश पिछले दिनों संदिग्ध मरीजों के पृथकवास के बारे में दिये गये दिशानिर्देशों को ही विस्तार देते हुये जारी किये गये हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि बहुत मामूली लक्षणों वाले मरीजों को अस्पताल के बजाय घर में ही पृथक रखना अधिक सुरक्षित होने के कारण यह व्यवस्था दी गयी है। इसमें मरीज और उसकी नियमित देखभाल के लिये निर्दिष्ट व्यक्ति (केयर गिवर) के लिये विशेष सुरक्षा उपाय सुझाये गये हैं।





