back to top

तालिबान ने चार विमानों को उड़ान भरने से रोका

काबुल। अफगानिस्तान पर तालिबान के कब्जे के बाद यहां से निकलने का प्रयास कर रहे सैकड़ों लोगों को लेकर उड़ान भरना चाह रहे कम से कम चार विमान बीते कई दिन से वहां से निकल नहीं पा रहे हैं। अधिकारियों ने रविवार को यह जानकारी दी। अफगानिस्तान से निकलना चाह रहे लोगों की मदद करने के लिए अमेरिका पर बढ़ते दबाव के बीच, ये विमान वहां से उड़ान क्यों नहीं भर पा रहे हैं इस बारे में तरह-तरह की बातें हो रही हैं। उत्तरी शहर मजार ए शरीफ के हवाईअड्डे पर एक अफगान अधिकारी ने बताया कि विमानों में सवार लोग अफगानिस्तान के होंगे, जिनमें से ज्यादातर के पास पासपोर्ट और वीजा नहीं है इसलिए वे देश से निकल नहीं पा रहे हैं। अब इस स्थिति का हल निकलने के इंतजार में वे हवाईअड्डे से होटल चले गए हैं।

 

हालांकि अमेरिका में संसद की विदेश मामलों की समिति में एक शीर्ष रिपब्लिकन सदस्य ने कहा कि समूह में अमेरिकी शामिल हैं और वे विमानों में बैठे हुए हैं, लेकिन तालिबान उन्हें उड़ान नहीं भरने दे रहा और उन्हें बंधक बना रखा है। उन्होंने यह नहीं बताया कि यह सूचना कहां से आई। इसकी अभी पुष्टि नहीं हुई है।
अफगानिस्तान में अमेरिका की करीब 20 साल की जंग के आखिरी दिनों में काबुल हवाईअड्डे से अफरा-तफरी के बीच हजारों लोगों को निकाला गया जिनमें अमेरिकी और सहयोगी देशों के नागरिक शामिल रहे। 30 अगस्त को अमेरिका के आखिरी सैनिक वहां से निकले लेकिन अब भी काफी लोग रह गये जो निकलना चाह रहे हैं।

 

अमेरिका ने अफगानिस्तान से निकलना चाह रहे लोगों की मदद के लिए नए तालिबान शासकों के साथ काम करते रहने का वादा किया है। वहीं तालिबान ने संकल्प जताया है कि उचित दस्तावेज रखने वालों को जाने दिया जाएगा। लेकिन टेक्सास के रिपब्लिकन सांसद माइकल मैककॉल ने फॉक्स न्यूज सन्डे से कहा कि छह विमानों में अमेरिकी नागरिकों तथा अफगान दुभाषियों को रखा गया है। उन्होंने कहा, तालिबान उन्हें हवाईअड्डे से निकलने नहीं देगा। वे ज्यादा से ज्यादा चीजों की मांग करते रहेंगे, चाहे नकदी हो या अफगानिस्तान की सरकार के रूप में और मान्यताएं हों।

 

वहीं अफगान अधिकारी ने नाम जाहिर नहीं होने के अनुरोध के साथ कहा कि चार विमान हैं और उनमें जाना चाह रहे लोग होटलों में ठहरे हैं। अधिकारी इस बारे में मशक्कत कर रहे हैं कि वे देश छोड़कर जा सकते हैं या नहीं। उन्होंने संकेत दिया कि समस्या यह आ रही है कि कई लोगों के पास सही यात्रा दस्तावेज नहीं हैं।
मजार ए शरीफ के निवासियों ने भी कहा कि यात्री इस समय हवाईअड्डे पर नहीं हैं। उन्होंने बताया कि एक स्थानीय होटल के प्रतीक्षा कक्ष में कम से कम 10 परिवारों को देखा गया। उनमें से किसी के पास पासपोर्ट या वीजा नहीं हैं, हालांकि उन्होंने अमेरिकी या जर्मन सेना के साथ जुड़ी कंपनियों के लिए काम किया था।

RELATED ARTICLES

प्रधानमंत्री मोदी ने जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट का किया उद्घाटन,बोले-‘हर 2 मिनट में उड़ेगा एक जहाज’

ग्रेटर नोएडा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज शनिवार को यूपी के गौतमबुद्ध नगर स्थित जेवर में देश के सबसे बड़े जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट का...

बांग्लादेश में आईपीएल 2026 प्रसारण पर लगी रोक हटी, क्रिकेट फैंस में खुशी

ढाका। बांग्लादेश के क्रिकेट प्रेमियों के लिए एक बड़ी खुशखबरी सामने आई है। देश की नई सरकार ने इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) 2026 के...

आईपीएल 2026 ‘पल्स’… नए मालिकों से लेकर चोटिल दिग्गजों तक, जानें टूर्नामेंट से खबर

नई दिल्ली। इंडियन पीयर लीग (आईपीएल) का 19वां सीजन शुरू होने की दहलीज पर है। इस बार का बिल्ड-अप पिछले सालों की तुलना...

कामदा एकादशी व्रत आज, शिववास योग में होगी श्रीहरि की आराधना

लखनऊ। हिंदू धर्म में एकादशी तिथि का विशेष महत्व माना जाता है। यह दिन भगवान विष्णु को समर्पित होता है। यहां हम बात करने...

प्रदोष व्रत कल, भक्त करेंगे शिव जी की पूजा

जीवन में आ रही बाधाओं को दूर करने और मनोकामनाओं की पूर्ति का मार्ग भी प्रशस्त करता हैलखनऊ। चैत्र माह के शुक्ल पक्ष की...

शपथ ने पुलिस इंस्पेक्टर को फेक एनकाउंटर करने से बचा लिया

माई फर्स्ट एनकाउंटर नाटक का मंचन लखनऊ। सवेरा फाउण्डेशन की ओर से माई फर्स्ट एनकाउंटर नाटक का मंचन किया गया। बौद्ध शोध संस्थान में श्रीपाल...

‘मध्यांतर’ में दिखा आस्था, विश्वास और समर्पण

राय उमानाथ बली में नाटक का मंचनलखनऊ। सूर्या थिएटर कल्चरल आर्ट्स सोसाइटी द्वारा नाटक मध्यांतर का मंचन शनिवार को राय उमानाथ बली प्रेक्षाग्रह, भातखण्डे,...

तुगलक में दिखी 14वीं शताब्दी के शासक की कहानी

मंचन गोयल इंस्टीट्यूट आॅफ हायर स्टडीज महाविद्याल के सभागार में किया गयालखनऊ। उत्तर प्रदेश उर्दू अकादमी के सहयोग सें उमंग फाउंडेशन की नवीनतम प्रस्तुति...

ऋचा जोशी ने अपने भजनों से दर्शकों को मंत्रमुग्ध किया

तीन दिवसीय मुनाल महोत्सव का आगाजलखनऊ। लुप्त हो रही लोक संस्कृति के संरक्षण व संवर्धन में प्रयासरत मुनाल महोत्सव का तीन दिवसीय आयोजन 28...