मुंबई । सकारात्मक वैश्विक संकेतों के बीच एचडीएफसी बैंक तथा इन्फोसिस जैसी कंपनियों के शेयर में लिवाली से सेंसेक्स और निफ्टी में सोमवार को शुरुआती कारोबार में बढ़त दर्ज की गई। विशेषज्ञों का हालांकि कहना है कि वैश्विक तनाव और कच्चे तेल की ऊंची कीमत निवेशकों की जोखिम लेने की क्षमता को प्रभावित कर रहे हैं।
बीएसई सेंसेक्स शुरुआती कारोबार में 202.42 अंक चढ़कर 77,744.15 अंक पर जबकि एनएसई निफ्टी 55.35 अंक की बढ़त के साथ 24,309 अंक पर आ गया। सेंसेक्स में शामिल 30 कंपनियों में से इन्फोसिस, एचसीएल टेक, टाटा स्टील, टेक महिंद्रा, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज और एचडीएफसी बैंक के शेयर सबसे अधिक लाभ में रहे। वहीं एशियन पेंट्स, टाइटन, पावर ग्रिड और भारत इलेक्ट्रॉनिक्स के शेयर नुकसान में रहे।
एशियाई बाजारों में दक्षिण कोरिया का कॉस्पी, जापान का निक्की 225, चीन का एसएसई कम्पोजिट और हांगकांग का हैंगसेंग गिरावट में कारोबार कर रहे हैं। अमेरिकी बाजार शुक्रवार को बढ़त के साथ बंद हुए थे। अंतरराष्ट्रीय तेल मानक ब्रेंट कच्चा तेल वायदा कारोबार में 1.32 प्रतिशत टूटकर 93.14 डॉलर प्रति बैरल रहा।
शेयर बाजार के आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशकों ने शुक्रवार को शुद्ध रूप से 542.71 करोड़ रुपये के शेयर बेचे। सेंसेक्स शुक्रवार को 3.11 अंक की मामूली बढ़त के साथ जबकि निफ्टी 20.15 अंक चढ़कर बंद हुआ था।
रुपया शुरुआती कारोबार में सात पैसे चढ़कर 95.64 प्रति डॉलर पर
अमेरिकी मुद्रा में नरमी के बीच सोमवार को शुरुआती कारोबार में रुपया सात पैसे चढ़कर 95.64 प्रति डॉलर पर पहुंच गया। हालांकि, भू-राजनीतिक तनाव जारी रहने से रुपये की बढ़त सीमित रही। विदेशी मुद्रा कारोबारियों ने बताया कि डॉलर सूचकांक कमजोर हुआ है, लेकिन ब्रेंट कच्चे तेल की ऊंची कीमत और आयातकों की ओर से डॉलर की निरंतर मांग ने रुपये की बढ़त को सीमित किया।
अंतरबैंक विदेशी मुद्रा विनिमय बाजार में रुपया 95.68 प्रति डॉलर पर खुला। बाद में 95.64 प्रति डॉलर पर पहुंच गया जो पिछले बंद भाव से सात पैसे की बढ़त है। रुपया शुक्रवार को महज तीन पैसे चढ़कर 95.71 प्रति डॉलर पर बंद हुआ था। इस बीच, दुनिया की छह प्रमुख मुद्राओं के मुकाबले अमेरिकी डॉलर की स्थिति को दर्शाने वाला डॉलर सूचकांक 0.03 प्रतिशत चढ़कर 98.82 पर रहा।





