back to top

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कदाचार और लोकतंत्र का अपमान किया: कांग्रेस

नई दिल्ली। राहुल गांधी के केरल के वायनाड से भी चुनाव लड़ने के फैसले को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हमले पर पलटवार करते हुए कांग्रेस ने सोमवार को आरोप लगाया कि मोदी ने धर्म के आधार पर बात करके कदाचार और लोकतंत्र का अपमान किया है। पार्टी ने यह भी कहा कि इसके लिए प्रधानमंत्री को माफी मांगनी चाहिए और चुनाव आयोग को निर्णायक कार्रवाई करनी चाहिए।

कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला

कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने संवाददाताओं से कहा, प्रधानमंत्री जी धर्म के आधार पर विभाजन पैदा करना चाहते हैं। वह हार के डर से बौखला गए हैं। उन्होंने पूरे दक्षिण भारत, स्वतंत्रता सेनानियों, सनातनी परंपरा और गंगा-जमुनी संस्कृति का अपमान किया है। उन्होंने सवाल किया, क्या मोदी जी या भाजपा को यह जानकारी है कि वायनाड लवकुश मंदिर के नाम से जाना जाता है? क्या आप भगवान राम मंदिर को भी अपमानित करेंगे? क्या उन्हें यह जानकारी है कि वायनाड में आठ अलग अलग आदिवासी समुदाय रहते हैं?

किसानों की कर्मभूमि है और वहां 90 फीसदी साक्षरता है

सुरजेवाला ने कहा, वायनाड किसानों की कर्मभूमि है और वहां 90 फीसदी साक्षरता है। वहां 50 फीसदी हिंदू आबादी है और सब लोग मिलकर रहते हैं। उन्होंने कहा, प्रधानमंत्री ने धर्म के आधार पर लोगों को बांटने का कुकृत्य किया है। यह कदाचार है। उन्हें पूरे देश से माफी मांगनी चाहिए। चुनाव आयोग को इस पर संज्ञान लेकर निर्णायक कार्वाई करनी चाहिए। इससे पहले पार्टी प्रवक्ता मनीष तिवारी ने प्रधानमंत्री पर वर्धा की चुनावी सभा में धर्म के आधार पर बात करके लोकतंत्र का अपमान करने का आरोप लगाते हुए यह भी कहा कि अगर मोदी के दिल में दक्षिण भारत को लेकर कोई संवेदना है तो उन्हें भी वहां से चुनाव लडऩा चाहिए।

तिवारी ने संवाददाताओं से कहा

तिवारी ने संवाददाताओं से कहा, कांग्रेस देश के सभी नागरिकों को नागरिक के तौर पर देखती है। उनको समुदाय के तौर पर नहीं देखती। हमारी सोच इतनी संकीर्ण नहीं है कि हम प्रधानमंत्री की तरह भारतीय नागरिकों को जाति और धर्म की नजर से देखें। प्रधानमंत्री ऐसा करके लोकतंत्र का अपमान करते हैं। दरअसल, प्रधानमंत्री मोदी ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा, इस पार्टी (कांग्रेस) के नेता अब बहुसंख्यक (हिन्दू) आबादी वाली सीटों से चुनाव लडऩे से डर रहे हैं। गौरतलब है कि गांधी इस बार अपनी परंपरागत सीट अमेठी (उत्तर प्रदेश) के अलावा केरल के वायनाड से भी चुनाव लड़ रहे हैं।

RELATED ARTICLES

NEET विवाद के बीच शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा, बोले- जिम्मेदारी से मुंह नहीं मोड़ा

नई दिल्ली। धर्मेंद्र प्रधान ने शिक्षा मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने अपना त्यागपत्र प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भेजा है। NEET-UG परीक्षा...

दूसरे टी20 से पहले भारतीय टीम ने जिम्बाब्वे में भारतीय राजदूत से की मुलाकात

हरारे । जिम्बाब्वे के खिलाफ तीन मैचों की टी20 सीरीज के दूसरे मुकाबले से पहले जिम्बाब्वे में स्थित ‘इंडिया हाउस’ में भारत के राजदूत...

69000 शिक्षक भर्ती अभ्यर्थियों का प्रदर्शन तेज, मायावती आवास का घेराव, पुलिस ने हिरासत में लिया

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में 69000 शिक्षक भर्ती को लेकर अभ्यर्थियों का आंदोलन तेज होता जा रहा है। सरकार के बाद अब अभ्यर्थी विपक्षी नेताओं...

वंदे मातरम नृत्योत्सव की प्रस्तुति ने समां बांधा

डॉ.दिव्या श्रीवास्तव को दिया गया स्वतंत्रता सेनानी डॉ.दरबारी लाल अस्थाना स्मृति सम्मान-2026लखनऊ। डॉ. दरबारी लाल अस्थाना ट्रस्ट की ओर से उत्तर प्रदेश के वरिष्ठ...

व्यंग्य के सिरमौर थे गोपाल चतुर्वेदी : राजेश अरोरा ‘शलभ’

लखनऊ। राजधानी की प्रतिष्ठित साहित्यिक एवं सांस्कृतिक संस्था बिम्ब कला केन्द्र द्वारा स्थानीय प्रेस क्लब सभागार में संस्था के पूर्व मुख्य संरक्षक एवं सुविख्यात...

भारतीय शास्त्रीय संगीत एवं नृत्य की परंपराओं से रूबरू हुए लोग

भातखण्डे संस्कृति विश्वविद्यालय, लखनऊ में दीक्षारम्भ 2026 का भव्य आयोजनलखनऊ। भातखण्डे संस्कृति विश्वविद्यालय, लखनऊ एवं स्पिक मैके के संयुक्त तत्वावधान में विश्वविद्यालय के नवप्रवेशित...

लिप्पन आर्ट कार्यशाला का हुआ आयोजन

लखनऊ। आर्टेलिया इंस्टीट्यूट आॅफ फाइन आर्ट में दो दिवसीय लिप्पन आर्ट कार्यशाला का आयोजन किया गया, जिसका उद्घाटन 25 जुलाई को हुआ और समापन...

घिरि आई बदरिया घूम-घूम के…

लखनऊ। गौरैया संस्कृति संस्थान द्वारा कजरी गीत की कार्यशाला के नौंवे दिन संस्था की अध्यक्ष रंजना मिश्रा ने बताया कि आज शनिवार को प्रतिभा...

शहीद परिवारों को किया गया सम्मानित

लखनऊ। पर्वतीय महापरिषद, लखनऊ द्वारा आज पर्वतीय महापरिषद भवन, गोमती नगर विस्तार, में कारगिल विजय दिवस की पूर्व संध्या पर श्रद्धांजलि समारोह एवं कैण्डिल...