लखनऊ। शराब की दुकानें खुलने के दूसरे दिन भीड़ और लम्बी-लम्बी लाइन न लगने के कारण पुलिस ने राहत की सांस ली है। मंगलवार को राजधानी की शराब की दुकानों में लम्बी-लम्बी लाइनें नहीं दिखी और नहीं भीड़-भाड़। लोगों ने आराम से शराब खरीदी। शराब की बिक्री आराम से होने के कारण पुलिस ने राहत की सांस ली।
हालांकि शहर और देहात इलाकों में शराब का स्टाक खत्म हो गया जिसके कारण कई दुकाने बंद हो गयीं। दुकानदारों का कहना है कि शराब की स्टाक की कोई दिक्कत नहीं है। नया माल आ रहा है और अब शराब खरीदने में किसी को कोई परेशानी नहीं होगी।
सोमवार को लॉकडाउन के तीसरे चरण में शराब की दुकानें खोलने को लेकर छूट दी गयी थी। लोग सुबह से ही शराब और बियर की दुकानों के बाहर इकट्ठा होना शुरू गए थे। देखते ही देखते लखनऊ की सभी दुकानों के बाहर लम्बी-लम्बी लाइन लग गयी। सरकार के सख्त निर्देशों के बावजूद सोशल डिस्टेंसिंग की जमकर धज्जियां उड़ी। लोग शराब की दुकानों के बाहर भीड़ लगाये रहे और पुलिस मूक दर्शक बनी रही। सोमवार को शराब की दुकानों के बाहर उमड़ी भीड़ के चलते शासन ने काफी नाराजगी जाहिर की थी और लॉक डाउन और सोशल डिस्टेसिंग का सही तरीके से पालन कराने के निर्देश दिये।
मंगलवार की सुबह दस बजे से फिर दुकानें खुली लेकिन कल की अपेक्षा आज लोगों की कतारें कम थी। लोग आराम से शराब खरीदकर वापस जा रहे थे। कई दुकानों पर स्टाक कल ही कम हो गया था। स्टॉक समाप्त होने के कारण कुछ दुकानों के शटर बंद रहे। चारबाग में एक शॉप पर स्टॉक खत्म हो गया जिसके चलते वह दुकान नहीं खुली।
दुकान मालिकों का कहना है कि शराब बिक्री में अब कोई दिक्कत नहीं होगी। पहले दिन उहापोह की स्थिति रहीं लेकिन अब आराम से शराब की बिक्री हो रही है। हालांकि आज भी शराब की दुकानों के बाहर सुरक्षा के प्रबंध किये गये थे। सभी दुकानों के बाहर दारोगा और सिपाहियों की ड्यूटी लगायी गयी थी लेकिन कहीं से कोई घटना की सूचना नहीं आयी।
लखनऊ के चारबाग, पान दरीबा, अलीगंज, गोमतीनगर, महानगर व ठाकुरगंज में सुबह से ही शराब की दुकानों पर लोग शराब खरीदने आने लगे थे। सभी जगह पर दुकानों के बाहर सोशल डिस्टेंसिंग के लिए गोले बनाए गए थे।
यहां बता दें कि सोमवार को इतिहास में ऐसा पहली बार हुआ कि शराब की दुकानों में इतनी-इतनी लम्बी लाइनें लगाकर लोेगों ने शराब खरीदीं थी। सरकारी ठेकों की ऐसी कोई सरकारी दुकान नहीं थी, जहां पर पुलिस बल तैनात नहीं किया गया था। संगीन के साये में सुबह दस बजे से शाम सात बजे तक शराब बेचीं गयी थी। हालांकि एक ओर देश कोरोना वायरस से लड़ाई लड़ रहा है, वहीं शराब बिक्री के दौरान कई जगहों पर सोशल डिस्टेंसिंग का उल्लंघन हुआ और पुलिस मूक दर्शक बनी देखती रही।
सरकार ने रविवार को ही पूरे प्रदेश में सरकारी शराब के ठेकों में शराब की बिक्री किये जाने फरमान जारी कर दिया था।





