केंद्र में खिचड़ी सरकार चाहता है मिशन महामिलावट: नरेन्द्र मोदी

295

कोडरमा (झारखंड)। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सोमवार को कहा कि विपक्ष का मिशन महामिलावट केंद्र में खिचड़ी सरकार बनाने को बेताब है, जिसकी डोर कांग्रेस के हाथों में रहेगी। भाजपा उम्मीदवार अन्नपूर्णा देवी के समर्थन में कोडरमा लोकसभा क्षेत्र के जमुआ इलाके में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए मोदी ने आरोप लगाया कि विपक्षी पार्टियों का महागठबंधन किसी भी कीमत पर स्पष्ट बहुमत वाली सरकार नहीं चाहता।

मिशन महामिलावट केंद्र में खिचड़ी सरकार चाहता है

मोदी ने कहा, मिशन महामिलावट केंद्र में खिचड़ी सरकार चाहता है और इसकी डोर कांग्रेस के हाथों में रहेगी, क्योंकि पार्टी जानती है कि वह किसी भी सूरत में अपने दम पर सरकार नहीं बना सकती। प्रधानमंत्री ने कांग्रेस पर यह आरोप भी लगाया कि वह सरकारों को अस्थिर करने के लिए पार्टियों के पीछे होती है। मोदी ने कहा, करीब दो दशक पहले ऐसे ही एक मिशन महामिलावट ने अटल बिहारी वाजपेई को पीएम बनने से रोकने की कोशिश की थी….कांग्रेस ने कुछ पार्टियों का साथ दिया, जिसके कारण हर दो-तीन साल पर सरकारें बदलती रही, प्रधानमंत्री बदलते रहे।

उन्होंने कहा कि विपक्ष का महागठबंधन

उन्होंने कहा कि विपक्ष का महागठबंधन और इसके नेता किसी के सगे नहीं हैं और उन्हें सिर्फ वोटों में दिलचस्पी है। मोदी ने आरोप लगाया, वे उन इलाकों में विकास के प्रति दिलचस्पी नहीं दिखाते, जिन इलाकों में उन्हें अपना वोट बैंक नहीं दिखता। झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा का नाम लिए बगैर मोदी ने एक दागी नेता का समर्थन करने को लेकर कांग्रेस पर निशाना साधा। कोड़ा धनशोधन और कोयला घोटाले के मामले में दोषी करार दिए जा चुके हैं। मोदी ने दावा किया कि झारखंड में पिछले पांच साल में शांति लौटी है और झारखंड के ग्रामीण अब नक्सलियों की डर से अपना घर नहीं छोड़ते। उन्होंने आरोप लगाया, लेकिन कांग्रेस राजद्रोह के कानून को खत्म करना चाहती है, जिससे नक्सलियों और आतंकवादियों का मनोबल बढ़ेगा।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here