हरतालिका तीज पर बन रहे कई शुभ योग
लखनऊ। वैदिक पंचांग के अनुसार भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि के दिन हरतालिका तीज पर्व मनाया जाता है। इस विशेष दिन पर सुहागिन महिलाएं माता पार्वती व भगवान शिव की मिट्टी से बनी अस्थाई मूर्तियों की पूजा करती हैं। मान्यता है कि हरतालिका तीज व्रत रखने से वैवाहिक जीवन में सुख एवं समृद्धि की प्राप्ति होती है और संतान प्राप्ति के लिए भी इस व्रत को बहुत ही कारगर माना गया है।
हिन्दू पंचांग के अनुसार भाद्रपद माह में शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि की शुरूआत, 17 सितंबर को सुबह 11 बजकर 08 मिनट से होगी और इस तिथि का समापन 18 सितंबर मने दोपहर 12 बजकर 39 मिनट पर हो जाएगा। ऐसे में हरतालिका तीज व्रत 18 सितंबर सोमवार के दिन रखा जाएगा। इस दिन पूजा मुहूर्त, सुबह 06 बजकर 07 मिनट से सुबह 08 बजकर 34 मिनट तक रहेगा।
हरतालिका तीज पर शुभ योग
हरतालिका तीज के दिन पूजा के लिए कई शुभ योग का निर्माण हो रहा है। बता दें कि इस दिन इंद्र योग बन रहा है, जो पूरे दिन रहेगा। साथ ही इस विशेष दिन पर रवि योग का निर्माण हो रहा है, जो दोपहर 12 बजकर 08 मिनट से शुरू होगा और पूर्ण रात्रि तक रहेगा।
हरतालिका तीज पूजा विधि
इस विशेष दिन पर सुहागिन महिलाएं सुबह जल्दी उठकर स्नान आदि करें और नए या साफ वस्त्र धारण करें। इस बाद शुभ मुहूर्त में दीपक जलाकर व्रत का संकल्प लें और पूजा आरंभ करें। हरतालिका तीज व्रत के दिन माता पार्वतीए भगवान शिव और गणपति जी की विशेष उपासना की जाती है। पूजा से पहले भगवान शिव, माता पार्वती और भगवान गणेश की मिट्टी से बनी प्रतिमा स्थापित करें। फिर विधि.विधान से पूजा कर, व्रत कथा का पाठ करें। अंत में आरती जरूर करें। बता दें कि माता पार्वती की उपासना के समय ॐ उमायै नम: मंत्र का जाप करें और भगवान शिव की उपासना के समय ॐ नम: शिवाय मंत्र का निरंतर जाप करते रहें।
मिलेगा अखंड सौभाग्य का आशीर्वाद
हिंदू धर्म में हरतालिका तीज का पर्व विशेष महत्व रखता है। यह व्रत हरियाली तीज और करजी तीज के समान ही महत्व रखता है। हर साल भाद्रपद माह के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को हरतालिका तीज का व्रत किया जाता है। इस व्रत के दौरान महिलाएं निर्जला व्रत रखकर पति की लंबी उम्र के लिए कामना करती हैं। इस दिन आपको पूजा के समय माता पार्वती की आरती जरूर करनी चाहिए।
हरतालिका तीज व्रत के नियम
हरतालिका तीज व्रत के दौरान पानी नहीं पीना चाहिए। एक बार किसी व्यक्ति द्वारा हरतालिका तीज व्रत का पालन करने के बादए इसे छोड़ा नहीं जा सकता है। इसलिए यह व्रत सोच.समझकर लें। यदि सूतक आदि के कारण पूजा न कर पाएं तो भी व्रत करें और दूर बैठकर कथा सुननी चाहिए। हरतालिका तीज पर रात में जागकर शिव.पार्वती की पूजा.आराधना करनी चाहिए।
तीज का उल्लास, बाजारों में दिखी रौनक, महिलाओं ने लगवायी मेंहदी

लखनऊ। अखंड सौभाग्य के लिए सुहागिनें सोमवार को हरितालिका तीज का व्रत रखेंगी। पति की दीघार्यु के लिए रखे जाने वाले इस व्रत को लेकर उनमें खासा उत्साह है। रविवार को बाजारों में खासी रौनक दिखी। जहां सजने संवरने से लेकर पूजा सामग्रियों की खरीदारी में महिलाएं पूरे दिन लगी रहीं। ब्यूटी पार्लरों में भी तीज को लेकर खासी रौनक छाई रही। वहीं, बाजारों से लेकर शॉपिंग मॉल में मेहंदी लगवाने के लिए महिलाएं बुकिंग कराने में व्यस्त रहीं। हरितालिका तीज सुहागिनों के लिए बेहद खास होता है। महिलाएं निर्जल व्रत रखती हैं। कुंवारी लड़कियां भी तीज का व्रत रखतीं है। इस दिन शिव व गौरा माता की पूजा की जाती है। सुबह भोर में अल्पाहार करने के बाद पूरे दिन महिलाएं निर्जला व्रत रखेंगी। कथा के साथ ही रात भर भजन कीर्तन के साथ जागरण करेंगी। सुहाग से जुड़े इस व्रत में महिलाएं खास तौर पर सजती-संवरती हैं। इस सोलह शृंगार की सभी चीजें नई होती हैं। ऐसे में साड़ी, चूड़ी, बिंदिया, पायल, बिछिया से लेकर साज-शृंगार की खरीदारी के लिए सोमवार को बाजारों में काफी भीड़ रहीं।
रात में भी करूंगी शिव-पार्वती की उपासना
गोमती नगर की स्वाति प्रिया तीज की तैयारी कर चुकी हैं। पहली बार यह व्रत कर रही हैं, इसको लेकर वे पूजा में कोई कसर नहीं छोड़ना चाहती। स्वाति कहती हैं कि पति की लंबी उम्र के लिए यह व्रत करेंगी, उनके दांपत्य जीवन में किसी तरह की कोई परेशानी नहीं हो। पति का हमेशा साथ मिले और परिवार में खुशियां बनी रहे, इसी कामना को लेकर वह व्रत कर रही हैं। स्वाति कहती हैं कि घर के सभी लोग व्रत में पूरा सहयोग कर रहे हैं। खरीदारी के अलावा विधि.विधान की जानकारी दी जा रही है। इस दिन दोपहर में पूजा करूंगी और तीज व्रत की कथा सुनुंगी। रात में भी भगवान शिव और पार्वती की उपासना करूंगी। मेरा 24 घंटे का समय पूजा में ही बीतेगा।
लगवाऊंगी पिया के नाम की मेहंदी:
इंदिरानगर निवासी रानी पांडे ने बताया कि पिछले साल मेरी शादी हुई थी। इस लिए ये मेरा पहला हरतालिका तीज व्रत है। इस लिए मेरे लिए खास है। यह पहली बार होगा जब तीज व्रत पर पिया के नाम की मेहंदी लगवाऊंगी। तीज व्रत को लेकर मैंने पूरी तैयारी कर ली है।
पति के साथ की तीज की खरीदारी:
अलीगंज निवासी रेखा बताती है कि मेरी शादी पिछले साल दिसंबर में हुई थी, शादी के बाद यह मेरी पहली तीज है। काफी उत्साहित हूं, पति के साथ मिलकर ही ड्रेस के साथ साज.शृंगार के सामानों की खरीदारी की है।
पहली तीज के लिए हूं उत्साहित:
श्रेया गुप्ता बताती हैं मेरी शादी दो महीने पहले जुलाई में हुई है। शादी के बाद पहली तीज के लिए ससुराल में तैयारी है। घर पर मेहंदी वाले को बुलाकर मेहंदी लगवाने के साथ दुल्हन की तरह शृंगार करूंगी।
तीज हमारी परंपरा, व्रत करना सौभाग्य:
इंदिरानगर की रहने वाली रिया तीज व्रत को लेकर काफी उत्साहित हैं। व्रत से पहले ही उन्होंने पूरी तैयारी कर ली है। पूजा की विधि को समझ गयी हैं। अब व्रत करने का इंतजार है। रिया कहती हैं कि तीज हमारी परंपरा है, ये मेरा सौभाग्य है कि व्रत कर रही हूं। पति की लंबी आयु के साथ परिवार की सुख.समृद्धि की कामना करूंगी। व्रत के नियमों का पालन करूंगी और पूरी निष्ठा से व्रत रखूंगी। यह व्रत सुहागिनों के लिए महत्वपूर्ण है।







