back to top

चारा घोटाला: लालू की जमानत याचिका पर सुनवाई के लिए तैयार, CBI से मांगा जवाब

नई दिल्ली। उच्चतम न्यायालय ने करोड़ों रूपए के चारा घोटाले से संबंधित तीन मामलों में राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद की जमानत याचिका पर शुक्रवार को केन्द्रीय जांच ब्यूरो (CBI) से जवाब मांगा।

प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई

प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई, न्यायमूर्ति दीपक गुप्ता और न्यायमूर्ति संजीव खन्ना की पीठ ने सीबीआई को लालू प्रसाद की याचिका पर दो सप्ताह के भीतर जवाब देने का निर्देश दिया है। लालू यादव ने इन मामलों में उन्हें जमानत देने से इंकार करने के झारखण्ड उच्च न्यायालय के फैसले को चुनौती दी है। लालू प्रसाद ने न्यायालय से कहा कि तीन मामलों में दोषी ठहराए जाने के बाद वह 22 महीने से जेल में हैं। राजद सुप्रीमो की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल ने पीठ से कहा कि लालू प्रसाद को इन मुकदमों में  साढ़े तीन साल, 14 साल और पांच साल की कैद की सजा सुनाई गई है।

अपराध के लिए दोषी ठहराया गया है

सिब्बल ने कहा, मुझे तीन मामलों में एक जैसे साक्ष्य और एक जैसे अपराध के लिए दोषी ठहराया गया है। मैं पहले ही 22 महीने जेल में गुजार चुका हूं। सिब्बल ने सवाल किया, कैसे मुझे एक ही अपराध के लिए एक ही साक्ष्य के आधार पर तीन बार दोषी ठहराया जा सकता है? पीठ ने सिब्बल से जानना चाहा कि किन अपराध में लालू प्रसाद को दोषी ठहराया गया है तो उन्होंने कहा, मुझे भारतीय दंड संहिता की धारा 120-बी (आपराधिक साजिश), धारा 420 (छल) और भ्रष्टाचार निरोधक कानून की धारा 13 के तहत दोषी ठहराया गया है। चारा घोटाला अविभाजित बिहार के पशुपालन विभाग में खजाने से 1990 के प्रारंभ में फर्जी तरीके से नौ सौ करोड़ रूपए की रकम निकालने से संबंधित है।

बिहार के मुख्यमंत्री

लालू प्रसाद यादव उस दौर में बिहार के मुख्यमंत्री थे। राजद सुप्रीमो इन तीन मामलों में दिसंबर, 2017 से रांची की बिरसा मुण्डा केन्द्रीय जेल में बंद हैं। लालू यादव ने अपनी बढ़ती उम्र और गिरते स्वास्थ का हवाला देते हुए झारखण्ड उच्च न्यायलाय से जमानत का अनुरोध किया था। राजद सुप्रीमो मधुमेह, रक्तचाप और कई अन्य बीमारियों से जूझ रहे हैं और उन्हें इनमें से एक मामले में पहले जमानत मिल गई थी। लालू यादव देवघर, दुमका और चाईबासा के दो कोषागार से फर्जी तरीके से धन निकालने के जुर्म में दोषी ठहराए गए हैं। चाईबासा कोषागार से संबंधित दो में से एक मामले में उन्हें जमानत मिल गई थी। इस समय उन पर डोरांडा कोषागार से संबंधित मामले में मुकदमा चल रहा है।

RELATED ARTICLES

एबवी ने विश्व ग्लूकोमा सप्ताह पर दृष्टि हानि के मूक खतरे को उजागर करने के लिए राष्ट्रीय मीडिया कॉन्क्लेव का आयोजन किया

प्रमुख नेत्र विशेषज्ञों ने भारत में अपरिवर्तनीय अंधेपन को रोकने के लिए शीघ्र पहचान, नियमित स्क्रीनिंग और अधिक जन-जागरूकता का आह्वान किया नई...

होर्मुज जलडमरूमध्य में मिसाइल से हमले के बाद एक मालवाहक पोत में आग लगी: ब्रिटेन की सेना

दुबई । होर्मुज जलडमरूमध्य में बुधवार को एक मालवाहक पोत पर मिसाइल हमला होने के बाद उसमें आग लग गई। ब्रिटेन की सेना ने...

सुप्रीम कोर्ट का ऐतिहासिक फैसला… 31 साल के हरीश राणा को मिली ‘इच्छामृत्यु’ की मंजूरी, पिता की गुहार पर मिली मौत की इजाजत

गाजियाबाद। सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को एक ऐतिहासिक फैसला सुनाते हुए पिछले 12 वर्षों से कोमा में जीवन और मृत्यु के बीच झूल रहे...

पदक विजेता खिलाड़ियों की फीस होगी माफ, प्रदेश में खुलेगा बालिकाओं के लिए अलग स्पोर्ट्स कॉलेज

लखनऊ। उत्तर प्रदेश स्पोर्ट्स कॉलेजेज सोसाइटी की अहम बैठक बुधवार को खेल एवं युवा कल्याण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गिरीश चंद्र यादव की अध्यक्षता...

एबवी ने विश्व ग्लूकोमा सप्ताह पर दृष्टि हानि के मूक खतरे को उजागर करने के लिए राष्ट्रीय मीडिया कॉन्क्लेव का आयोजन किया

प्रमुख नेत्र विशेषज्ञों ने भारत में अपरिवर्तनीय अंधेपन को रोकने के लिए शीघ्र पहचान, नियमित स्क्रीनिंग और अधिक जन-जागरूकता का आह्वान किया नई...

होर्मुज जलडमरूमध्य में मिसाइल से हमले के बाद एक मालवाहक पोत में आग लगी: ब्रिटेन की सेना

दुबई । होर्मुज जलडमरूमध्य में बुधवार को एक मालवाहक पोत पर मिसाइल हमला होने के बाद उसमें आग लग गई। ब्रिटेन की सेना ने...

सुप्रीम कोर्ट का ऐतिहासिक फैसला… 31 साल के हरीश राणा को मिली ‘इच्छामृत्यु’ की मंजूरी, पिता की गुहार पर मिली मौत की इजाजत

गाजियाबाद। सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को एक ऐतिहासिक फैसला सुनाते हुए पिछले 12 वर्षों से कोमा में जीवन और मृत्यु के बीच झूल रहे...

वर्दी के पीछे छिपा गद्दार… आगरा का नौसेना जवान ISI के लिए कर रहा था जासूसी, ATS ने बिछाया जाल

आगरा । उत्तर प्रदेश के आगरा जिले से राष्ट्र सुरक्षा में सेंध लगाने का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां भारतीय नौसेना के...

हिंदू नववर्ष 2083: 19 मार्च से बदलेगा साल, रौद्र संवत्सर में दिखेंगे बड़े उतार-चढ़ाव

लखनऊ। हिंदू पंचांग के अनुसार 19 मार्च 2026, गुरुवार से विक्रम संवत 2083 की शुरूआत होने जा रही है। इस दिन गुड़ी पड़वा के...