वरिष्ठ संवाददाता लखनऊ। बुखार के कहर से मोहलालगंज निवासी जूझ रहे हैं। यहां बीते एक सप्ताह से बुखार फैला हुआ है। करीब 100 से लोग पीड़ित हैं। इनमें सबसे ज्यादा संख्या बुजुर्गों व बच्चों की है। स्थानीय अस्पतालों में इनका इलाज चल रहा है। रविवार को सूचना पर पहुंची स्वास्थ्य विभाग की टीम ने कैम्प लगाकर लोगों को दवाइयां बांटी। वहीं एसडीएम ने भी क्षेत्रीय लोगों को हाल जाना।
बताया जा रहा है कि मोहनलालगंज के सिसेंडी गांव में करीब एक हफ्ते से बुखार के मरीज बढ़ रहे हैं। एक के बाद एक लोग बुखार की चपेट में आ रहे हैं। लोगों की शिकायत है कि यहां के प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र में दवाएं न होने से उन्हें निजी अस्तपालों व क्लीनिकों पर इलाज कराना पड़ रहा है। कई बार शिकायत करने के बावजूद स्वास्थ्य विभाग की टीम ने संज्ञान नहीं किया। रविवार को मामले की शिकायत के बाद एसडीएम हनुमान प्रसाद मौर्य मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों ने उन्हें बताया कि सिसेण्डी स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में डॉक्टर और दवाएं नहीं हैं। बीमार लोग झोलाछाप व निजी अस्पतालों में इलाज करा रहे हैं। एसडीएम के पहुंचने पर हरकतत में आयी स्वास्थ्य विभाग की टीम भी वहां पहुंची।
मोहनलालगंज सीएचसी अधीक्षक डॉ. अशोक कुमार ने टीम के साथ बुखार से पीड़ित बच्चों और बड़ों का कार्ड से डेंगू और मलेरिया की जांच की। सभी की रिपोर्ट निगेटिव आई। डेंगू के लक्षण के आधार पर दो लोगों के खून का नमूना लेकर एलाइजा जांच के लिए भेजा। एसडीएम ने बताया कि सिसेण्डी के मिनी सचिवालय में सोमवार को स्वास्थ्य विभाग की ओर से नि:शुल्क स्वास्थ्य शिविर लगाया जाएगा। लोगों की जांच और डॉक्टर की सलाह पर दवाएं दी जाएंगी। इसके अलावा सिसेंडी पीएचसी में डॉक्टर और दवाएं उपलब्ध होंगी। मुख्य चिकित्साधिकारी डा. मनोज अग्रवाल का कहना है कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मोहनलालगंज की टीम एवं जिला मलेरिया अधिकारी लखनऊ की टीम ने प्रभावित क्षेत्र का निरीक्षण किया। बुखार के रोगियों का हाल-चाल जाना गया और टीम ने बुखार से तप रहे लोगों की डेंगू और मलेरिया की जांच कर 150 लोगों को दवाइयां दीं। क्षेत्र में ब्लीचिंग पाउडर एवं एंटी लार्वा का छिड़काव कराया गया। इसके साथ ही यहां कैम्प लगा दिया गया।





