back to top

भारत में क्रोध और प्रतिशोध का बोलबाला है, क्षमा का अभाव है: गोपाल कृष्ण गांधी

जयपुर। पश्चिम बंगाल के पूर्व राज्यपाल गोपाल कृष्ण गांधी ने समकालीन भारत की चिंताजनक तस्वीर पेश करते हुए कहा कि अब सार्वजनिक चर्चा में क्रोध, प्रतिशोध और बदले की भावना हावी है। बृहस्पतिवार को जयपुर साहित्य महोत्सव के 19वें संस्करण में गांधी ने यह टिप्पणी की।‘द अनडाइंग लाइट: ए पर्सनल हिस्ट्री ऑफ इंडिपेंडेंट इंडिया’ के लेखक ने शांत लेकिन गंभीर लहजे में कहा आज भारत में सबसे प्रबल भावना क्रोध और प्रतिशोध की है। एक-दो पीढ़ी पहले ऐसा नहीं था। प्रतिद्वंदी के साथ लगभग टकराने की इच्छा अब एक प्रमुख भावना बन गई है। उन्होंने कहा कि समाचार पत्रों में ‘स्लैम’ शब्द का बार-बार इस्तेमाल होता है जो बदलाव दर्शाता है।उन्होंने कहा, ‘‘हमारे वक्त में ‘स्लैम’, ‘स्कैम’ और ‘स्पैम’ तीन प्रमुख शब्द बन गए हैं।

पश्चिम बंगाल के पूर्व राज्यपाल ने कहा, जो शब्द आप सबसे ज्यादा पढ़ते हैं, वह है ‘आलोचना’ – ‘ममता ने अमित शाह की आलोचना की’, ‘अमित शाह ने ममता की आलोचना की’, ‘टीएमसी ने कांग्रेस की आलोचना की’, ‘कांग्रेस ने भाजपा की आलोचना की’। आलोचना, आलोचना, आलोचना… अगर आलोचना कोई बिक्री का सामान होता, तो आज यह सबसे तेज़ी से बिकने वाले उत्पादों में से एक होता।उनकी इस बात पर वहां मौजूद श्रोताओं ने खूब तालियां बजाईं और सहमति में सिर हिलाया।

गांधी ने आगाह करते हुए कहा कि,प्रतिशोध और घृणा संबंधी हैं और शत्रुता सार्वजनिक राय और राय निर्माण के क्षेत्र में आसानी से बिकने वाली वस्तु के रूप में उभरी है। अपनी बात को विस्तार से समझाते हुए उन्होंने कहा, ‘‘हिंदी का शब्द ‘बदला’ अब एक और आम शब्द बन गया है और हम अक्सर सुनते हैं- ‘हम बदल लेंगे, बदल लेंगे’। लेकिन सुर्खियों में छाए शब्दों से परे, सार्वजनिक और निजी दोनों तरह के संवादों में ईमानदारी, माफी और क्षमा का भाव खो गया है।

उन्होंने कहा, हमने आखिरी बार कब किसी को यह कहते सुना था, ‘मुझसे गलती हो गई’। गलतियां तो होती हैं लेकिन बहुत कम लोग उन्हें स्वीकार करते हैं। और कितने समय पहले हमने किसी को यह कहते सुना था, ‘मैं तुम्हें माफ करता हूं’? मुझे हाल के दिनों में ऐसा कहते हुए कोई याद नहीं आ रहा।उन्होंने कहा कि समकालीन समाज में ‘भोला’ होना अक्सर कमजोर होने की निशानी माना जाता है। यह महोत्सव 19 जनवरी को समाप्त होगा।

RELATED ARTICLES

नेहरू जीवित रहे होते तो कांशीराम कांग्रेस की तरफ से मुख्यमंत्री होते : राहुल गांधी

लखनऊ। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने शुक्रवार को दावा किया कि अगर भारत के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहर लाल...

विकसित भारत के लिए दिव्यांगजनों के सशक्तीकरण में समाज की सक्रिय भूमिका महत्वपूर्ण: राष्ट्रपति मुर्मू

नयी दिल्ली । राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने दिव्यांगजनों के सशक्तीकरण में समाज की सक्रिय भागीदारी का आह्वान करते हुए शुक्रवार को कहा कि विकसित...

‘धुरंधर: द रिवेंज’ की रिलीज से पहले भावुक हुए निर्देशक आदित्य धर

मुंबई/नई दिल्ली। भारतीय सिनेमा में 'उरी: द सर्जिकल स्ट्राइक' जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्म से अपनी पहचान बनाने वाले निर्देशक आदित्य धर इन दिनों अपनी आगामी...

पापमोचनी एकादशी व्रत आज, भक्त करेंगे श्रीहरि की आराधना

लखनऊ। सभी एकादशी में पापमोचनी एकादशी को विशेष माना जाता है। इसके प्रभाव से साधक के पापों का नाश होता है और वह मोक्ष...

चैत्र नवरात्र में ग्रहों-नक्षत्रों के उत्तम और दुर्लभ संयोग

घटस्थापना के लिए दो शुभ मुहूर्तलखनऊ। इस साल चैत्र नवरात्रि 19 मार्च से शुरू हो रहे हैं। इस दिन कलश स्थापना के लिए भी...

शबद कीर्तन संग गुरु ग्रंथ साहिब पर हुई फूलों की वर्षा

बड़ी श्रद्धा से मनाया गयालखनऊ । गुरसिखी कैलेंडर अनुसार चैत माह से नए साल 2026 के पवित्र आगमन के उपलक्ष में लखनऊ की समूह...

पुस्तक मेले में दिन भर चला विमोचन और चर्चा का दौर

रवीन्द्रालय चारबाग में लखनऊ पुस्तक मेला : दूसरा दिन लखनऊ। रवीन्द्रालय में चल रहे लखनऊ पुस्तक मेले में अध्यात्म की पुस्तकें खूब हैं तो यहां...

भगवान झूलेलाल महोत्सव धूमधाम से मनाया गया

बड़ी संख्या में महिलाओं ने शिरकत कर भगवान झूलेलाल का आशीर्वाद प्राप्त किया लखनऊ। शुभम सिटी सिंधी पंचायत पंडित खेड़ा ने आज देर शाम तक...

होली के रंगों के साथ महिला सशक्तिकरण का संदेश, 15 महिलाएं सम्मानित

फूलों की होली के साथ सामाजिक एकता और महिला सशक्तिकरण का उत्सवएक भारत, श्रेष्ठ भारत की भावना के साथ मनाया गया होली मिलन समारोह...