लखनऊ। गोमती तट, कुड़िया घाट रविवार भोर होते ही संगीत की मधुर स्वरलहरियों से गुजायमान हो उठा। सूर्य की प्रथम किरण फूटते ही लोगों ने गोमती तट पर अर्घ्य देकर भारतीय नव वर्ष (नव संवत्सर) का स्वागत किया। मंत्रों के बीच विश्व व राष्ट्र कल्याण की कामना की। गीत, संगीत, नृत्य की प्रस्तुतियों के बीच मां सरस्वती के साधकों को सम्मानित किया गया।
चैत्र शुक्ल प्रतिपदा पर नवसंवत्सर और हिंदू नववर्ष उत्सव और स्वागत समारोह का आयोजन शहर भर में कई जगह हुआ। कई जगह भगवा ध्वज फहराते हुए यात्राएं निकाली गईं। सड़क से समारोह स्थल पर जयश्रीराम के जयघोष भी गूंजते रहे। आदि गंगा मां गोमती के तट किनारे कई घाट पर दीप प्रज्जवलन आदि कार्यक्रम हुए।
शहर का बड़ा आयोजन गोमती नगर 1090 चौराहे के पास और चौक के कुड़ियाघाट पर हुआ। कुड़िया घाट (ऋषि कौंडिल्य घाट) में गंगा समग्र, गोमती दर्शन तथा नवसंवत्सर जन कल्याण न्यास की ओर से नवसंवत्सर महोत्सव हुआ। सुबह ही भगवान भुवन भास्कर को अर्घ्य अर्पित कर भारतीय नववर्ष के स्वागत के साथ प्रारंभ हुआ। दीप प्रज्ज्वलन, सरस्वती वंदना, संघ गीत, भजन, आदित्य हृदय स्तोत्र, शास्त्रीय गायन एवं कथक नृत्य जैसी मनमोहक प्रस्तुतियों ने उपस्थित जनसमूह को भावविभोर कर दिया।
सम्मानित हुई विभूतियां
नवसंवत्सर सम्मान विक्रम संवत 2083 के तहत स्व. सुभाष चंद्र बंसल की स्मृति में कलासाधक सम्मान भातखंडे की प्रो. डॉ. सृष्टि माथुर, शास्त्रीय गायिका रश्मि चौधरी को स्व. सूबेदार सिंह की स्मृति में कलारत्न सम्मान से नवाजा गया। विभूतियों को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय प्रचारक प्रमुख स्वांत रंजन ने सम्मानित किया गया।
पुस्तक का विमोचन किया
कार्यक्रम में अभियान संरक्षक विजय दीक्षित की रचित राजनीति नहीं, सिर्फ राष्ट्रनीति पुस्तक का विमोचन स्वांत रंजन, राज किशोर, एमएलसी पवन सिंह चौहान, व्यापारी नेता संदीप बंसल, सोमेश वर्धन आदि ने किया। कार्यक्रम का संचालन एड. अनुराग पांडेय एवं एड. प्रवीण त्रिपाठी ने किया। मीडिया प्रभारी श्वेता सिंह, सह संयोजक रंजना द्विवेदी ने सभी का स्वागत एवं अभिनंदन किया। कार्यक्रम में प्रमुख रूप से विजय कुमार दीक्षित, उदयभानु सिंह, संजय रस्तोगी, डॉ. पूनम श्रीवास्तव, राहुल राज रस्तोगी, डॉ. राजीव लोचन, प्रवीण कुमार त्रिपाठी, अमिताभ पाण्डेय, सरला शर्मा, दीपू शुक्ला, राजीव शुक्ला, संजय तिवारी, दुर्गेश द्विवेदी, अतुल आदि रहे। वंदेमातरम् के साथ समापन हुआ। वहीं, डालीगंज के मानस मंदिर में युवा अभ्युदय मिशन की ओर से नव संवत्सर बधाई यात्रा निकाली गई।





