महाशिवरात्रि, एक अनोखा संदेश -संयुक्त परिवार
लखनऊ। रोटी कपड़ा फाउंडेशन द्वारा त्योहारों का मानवीय संदेश देने की कड़ी में महाशिव रात्रि को रुद्र पाठ ओम नम: शिवाय की गूंज के साथ संयुक्त परिवार संदेश के रूप में मनाया जाएगा । महाशिवरात्रि का संदेश महाशिवरात्रि रात्रि की दूसरे दिन 16 फरवरी को लखनऊ के चार संयुक्त परिवार यह सदस्यों को सम्मानित किया जाएगा। एकल परिवार के कारण ही हर व्यक्ति अवसाद में है बच्चे आत्महत्याएँ कर रहे हैं, पहले संयुक्त परिवार हर सुख दुख में साथ रहते थे। शिवजी, जिनका वाहन नंदी है, गले मे सर्प है, और पुत्र गणेश हैं जिनका वाहन मूषक है। दूसरे पुत्र कार्तिकेय हैं, जिनका वाहन मोर है। इन सब बातों में चिंतन का विषय यह है कि नंदी,मूषक, सर्प और मोर एक साथ नहीं रह सकते फिर भी शिव दरबार मे हम इनके एक साथ दर्शन करते है। जहां इतनी विषमता के बाद भी शिव-परिवार एक साथ रहने का संदेश देता है, पर आज के समय मे थोड़े से मन मुटाव, स्वार्थ, अहंकार और गलत सलाह के कारण हम अपने ही परिवार से दूरी बना लेते है। आइए आज महाशिवरात्रि पर एक महा-संकल्प लें की किसी भी परिस्थिति में मैं अपने परिवार से दूरी नहीं बनाऊंगा। तुझ में नारायण, मुझ मे नारायण संदेश को शिरोधार्य कर अपने रिश्तों को और परिवार को सवारने की प्रतिज्ञा करें। इस दृढ़ संकल्प के लिए महाशिवरात्रि से अधिक उत्तम और कोई त्यौहार नहीं हो सकता अपने परिवार के साथ इस महाशिवरात्रि पर शिव परिवार की पूजा के साथ यह संकल्प आत्मसात करें’ सामान्यत: हर त्योहार कुछ ना कुछ संदेश देता है जिससे समाज में वासुदेव कुटुंबकम् की भावना जाग्रत की जा सकती है। महा शिव रात्रि को शिव साधना आराधना के साथ संयुक्त परिवार का संदेश रोटी कपड़ा फाउंडेशन के माध्यम से देंगे। सोमवार को फाउंडेशन लखनऊ के 5 संयुक्त परिवार भदोरिया परिवार, चौधरी परिवार ,धवन परिवार ,शर्मा परिवार और मेहरोत्रा परिवार को सम्मानित कर समाज और परिवार को एक जुट रहने का संदेश देगा।





