चित्रों की विशेषताओं से परिचित कराया
लखनऊ। राज्य संग्रहालय में संस्कृति विभाग की ओर से कला अभिरूचि पाठ्यक्रम के व्याख्यान पर शनिवार को शाही संरक्षण, परंपरा और तकनीकी विषय पर व्याख्यान हुआ। कार्यक्रम का शुभारम्भ मुख्य वक्ता सलाहकार संग्रहालय डॉ. विजय माथुर रहे। उन्होंने बताया कि किस प्रकार जैन भण्डार गृह में पेंटिग को सुरक्षित रखते थे और उनकी चित्रों की विशेषताओं से परिचित कराया। इसी क्रम में मुगल, राजस्थानी, पहाड़ी शैली तथा इनकी उपशैलियों पर चर्चा की। व्याख्यान के समापन पर निदेशक राज्य संग्रहालय डॉ. विनय कुमार सिंह ने धन्यवाद ज्ञापित किया। सहायक निदेशक डॉ. मीनाक्षी खेमका ने कार्यक्रम का संचालन किया गया।





