प्रयागराज। माफिया अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ अहमद की हत्या की जांच कर रही एसआईटी ने गुरुवार को प्रयागराज सीजेएम की कोर्ट में तीनों शूटर्स लवलेश तिवारी, अरुण मौर्य और सनी सिंह के खिलाफ 2056 पेज का आरोप पत्र दाखिल किया। इस चार्जशाीट में एसआईटी ने सनी सिंह को इस घटना का मास्टर माइंड बताया है। वर्तमान में प्रतापगढ़ जिला जेल में हत्या के तीनों कथित शूटर बंद हैं। आरोपियों ने माफिया अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ अहमद की 15 अप्रैल की शाम को प्रयागराज के काल्विन अस्पताल में उस समय गोली मारकर हत्या कर दी थी, जब प्रयागराज पुलिस दोनों को मेडिकल परीक्षण कराने के लिए कॉल्विन अस्पताल लेकर पहुंची थी।
अतीक और अशरफ मीडिया से बात कर रहे थे
कॉल्विन हॉस्पिटल पहुंचे के बाद अतीक और अशरफ मीडिया से बात कर रहे थे। इसी दौरान तीन हमलावरों ने ताबड़तोड़ फायरिंग कर माफिया ब्रदर्स की हत्या कर सरेंडर कर दिया था। हत्याकांड के बाद, प्रयागराज पुलिस आयुक्त ने हत्या की जांच के लिए तीन सदस्यीय एसआईटी की स्थापना की। चार्जशीट से माफिया ब्रदर्स की हत्या पर अहम खुलासा हो सकता है। लेकिन सूत्रों की मानें तो जांच में कोई नई जानकारी हाथ नहीं लगी है।
गौरतलब है कि 13 जुलाई को हत्याकांड को 89 दिन पूरे हो गए हैं। सूत्रों के मुताबिक, एसआईटी आरोप पत्र में यह भी बताएगी कि जांच पूरी हो चुकी है। जांच करने के लिए पुलिस आयुक्त प्रयागराज रमित शर्मा द्वारा तीन सदस्यीय एसआईटी का गठन किया गया था। एसआईटी में एसीपी सत्येन्द्र प्रसाद तिवारी और इंस्पेक्टर ओमप्रकाश को शामिल किया गया है, जिसका नेतृत्व एडीसीपी क्राइम सतीश चंद्र कर रहे हैं। खबरें हैं कि बदनामी और रातों-रात डॉन का दर्जा पाने के लिए तीनों शूटरों ने हत्या की बात कबूल की थी। 86 दिनों की लंबी पूछताछ के बाद भी एसआईटी तीनों शूटरों को लेकर आगे नहीं बढ़ पाई। इससे यह माना जा रहा है कि हत्याकांड में तीनों शूटर लवलेश तिवारी, सन्नी सिंह और अरुण मौर्य का नाम एसआईटी की चार्जशीट में शामिल है।
एसआईटी की जांच में खुलासा हुआ है कि हत्याकांड वाली जगह सबसे पहले शूटर लवलेश तिवारी गया था. उसने 9 बजकर 10 मिनट पर काल्विन हॉस्पिटल में एंट्री की थी। ठीक 12 मिनट बाद शूटर सनी सिंह और अरुण मौर्य हॉस्पिटल पहुंचे थे। एसआईटी ने मौके के सीसीटीवी फुटेज से तीनों शूटर्स के पल-पल के मूवमेंट की जानकारी एकत्रित की है। हत्याकांड से जुड़े वैज्ञानिक साक्ष्य को भी एसआईटी ने कलेक्ट किया है। एसआईटी की जांच में अभी तक तीनों शूटर्स के अलावा किसी अन्य की भूमिका साफ नहीं हुई है।
माफिया के बेटे अली के खिलाफ एक और मुकदमा दर्ज : माफिया अतीक के बेटे अली अहमद के खिलाफ एक और मुकदमा दर्ज हो गया है। यह मुकदमा दानिश शकील नाम के व्यक्ति की ओर से पचास लाख की रंगदारी मांगने और धोखाधड़ी के आरोप में दर्ज कराया गया है। आरोप है कि गुर्गों के जरिए अली ने जेल से पीड़ित से रंगदारी मांगी. रंगदारी नहीं देने पर पीड़ित को जान से मारने की धमकी मिली है। करेली पुलिस ने पीड़ित की तहरीर पर अली अहमद, परवेज अटाला, सैफ, फैज, शमीम मौलाना और महफूज अंसारी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस जांच में जुटी हुई है।





