back to top

चैत्र नवरात्र : घरों व मंदिरों में विधि-विधान से हुई मां ब्रह्मचारिणी की पूजा

लखनऊ। ज्ञान, वैराग्य और ध्यान की अधिष्ठात्री मां ब्रह्मचारिणी देवी की स्तुति भक्तों ने श्रद्धा और भक्ति के साथ की। राजधानी में चल रहे चैत्र नवरात्र के दूसरे दिन शुक्रवार को मन्दिरों व घरों में मां ब्रह्मचारिणी देवी की पूजा अर्चना हुई। चौक के बड़ी कालीजी मन्दिर में भोर से ही भक्त माता के दर्शन के लिए पहुंचने लगे। भक्तों ने समस्त चर और अचर विद्याओं की जानकारी लेकर ब्रह्मचारिणी देवी की अराधना की। शहर के विभिनन्न मंदिरों में अलग-अलग पारंपरिक अंदाज में माता का शृंगार हुआ। दिनभर मंदिरों में माता के भजन-कीर्तन का दौर चलता रहा। चौक के ही छोटी काली मन्दिर में सुबह से लेकर शाम तक लोगों ने मां भगवती के दर्शन किये। मन्दिर के पुजारियों द्वारा दैनिक पूजन अर्चन की तरह मां भगवती की पूजा की गई। कालीजी मन्दिर में भोर की आरती पंडित शक्तिदीन अवस्थी व अन्य आचार्यो के सहयोग से मंगल की सेवा सुन मेरी देवा के स्वर के साथ की।
मान्यता है कि नवरात्र के दूसरे दिन भगवती मां ब्रह्मचारिणी की पूजा-अर्चना का विधान है। साधक और योगी इस दिन अपने मन को भगवती मां के श्री चरणों मे एकाग्रचित करके स्वाधिष्ठान चक्र में स्थित करते हैं। माना जाता हैं कि मां ब्रह्मचारिणी का स्वरुप बहुत ही सात्विक और भव्य है। बता दें कि यहां ब्रम्ह का अर्थ, तपस्या, तप का आचरण करने वाली भगवती से हैं। मां दुर्गा के दाहिने हाथ में जप की माला एवं बायें हाथ में कमण्डल रहता है। उनका यह स्वरूप भक्तों को अनंत फल देने वाला होता है। इनकी उपासना करने से तप, त्याग, वैराग्य और संयम की वृद्धि होती है।

घरों में हुई पूजा:
नवरात्र में लोगों ने घर में भी परिवार के साथ देवी मां की पूजा-अर्चना की। नवरात्र के दूसरे दिन डालीगंज, चौक, इन्दिरानगर, निशातगंज, आलमबाग, जानकीपुरम, ठाकुरगंज समेत अन्य इलाको में लोगों ने मां ब्रह्मचारिणी देवी की पूजा की। पूजन के दौरान या देवी सर्वभूतेषु शक्तिरूपेण संस्थिता:नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नम:. के मंत्र गूंज रहे थे।

दुर्गा मन्दिर में श्रद्धा व भक्ति के साथ हुई मां की पूजा:
शास्त्रीनगर के श्री दुर्गा जी मन्दिर में नवरात्र के दूसरे दिन श्रद्धा और भक्ति के साथ नवरात्र उत्सव मनाया जा रहा है। मन्दिर में सदैव की भांति भिन्न भिन्न सामग्रियों से मां दुर्गा का शृंगार किया जा रहा है। मन्दिर में सुरक्षा का विशेष प्रबन्ध किया गया है। महिला व पुरुष कार्यकतार्ओं के साथ सीसीटीवी कैमरों से भी निगरानी की जा रही है। महिलाओं व पुरुषों के लिये अलग अलग पंक्तियों में दर्शन की व्यवस्था की गई है। मेला क्षेत्र में सफाई बनी रहे इसके लिये सभी दुकानदारों को डस्टबीन रखने के निर्देश दिये गये हैं। प्रसाद प्लास्टिक की थैलियों के बजाय दोनों में दिया जा रहा है। चमड़े के सामान मन्दिर में ले जाने पर प्रतिबन्ध लगाया गया है। प्रात: 9 बजे से 1 बजे तक भजनों का कार्यक्रम भी आयोजित किया गया।

मखाने की लड़ियों से हुआ मां का शृंगार:
चौक स्थित बड़ी कालीजी मन्दिर में आस्था का सैलाब बुधवार को भी दिखा। भक्तों के मंदिर आने का क्रम जो सुबह से शुरू हुआ तो रात तक जारी रहा। भक्तों ने धूप, दीप, अगरबत्ती, पंचमेवा, घी, फल, चुनरी व अन्य पूजन सामग्री माता को भेंट की और भगवती माता से सुखमय जीवन की प्रार्थना की। मन्दिर में मखाने की लड़ियों से श्रंगार किया गया था। मन्दिर में बहुत से लोगो ने बच्चों के मुंड़न संस्कार सम्पन्न कराए। मन्दिर के बाहर लगे मेले में लोगों ने खूब खरीदारी करी।

51 शक्ति पीठ में मां का श्वेताम्बर शृंगार

लखनऊ। नंदन बक्शी का तालाब स्थित 51 शक्तिपीठ धाम में वासंतिक नवरात्र के दूसरे दिन मां ब्रम्हचारिणी का पिंडी पूजन आचार्य धनंजय पांडे द्वारा संपन्न हुआ। मंदिर में ब्रम्हचारिणी मां का श्वेताम्बर श्रृंगार किया गया। मंदिर परिसर को सफेद रंग से सजाया गया। भोग, वस्त्र, सजावट सब सफेद रंग मे थी। मंदिर में सेवादार सभी सफेद रंग के वस्त्रों मे माँ की पूजा की। मंदिर की अध्यक्ष तृप्ति तिवारी ने बताया कि नवरात्र के प्रतिदिन मां का अलग-अलग स्वरूपों में रंगों में पूजा अर्चना की जाएगी शाम को भजन कीर्तन के आयोजन किए गए।

आज होगी तीसरी शक्ति मां चंद्रघंटा की आराधना
लखनऊ। मां दुगार्जी की तीसरी शक्ति का नाम चंद्रघंटा है। नवरात्रि उपासना में तीसरे दिन माता चंद्रघंटा की पूजा अर्चना की जाएगी। नवरात्र के तीसरे दिन मां चंद्रघंटा की पूजा का अत्यधिक महत्व है और इस दिन इन्हीं के विग्रह का पूजन-आराधन किया जाता है। इस दिन साधक का मन मणिपूर चक्र में प्रविष्ट होता है।

मां चंद्रघंटा की कृपा से अलौकिक वस्तुओं के दर्शन होते हैं, दिव्य सुगंधियों का अनुभव होता है तथा विविध प्रकार की दिव्य ध्वनियां सुनाई देती हैं। ये क्षण साधक के लिए अत्यंत सावधान रहने के होते हैं। मां का यह स्वरूप परम शांतिदायक और कल्याणकारी है। इनके मस्तक में घंटे का आकार का अर्धचंद्र है, इसी कारण से इन्हें चंद्रघंटा देवी कहा जाता है। इनके शरीर का रंग स्वर्ण के समान चमकीला है। इनके दस हाथ हैं। इनके दसों हाथों में खड्ग आदि शस्त्र तथा बाण आदि अस्त्र विभूषित हैं। इनका वाहन सिंह है। इनकी मुद्रा युद्ध के लिए उद्यत रहने की होती है। मां चंद्रघंटा की कृपा से साधक के समस्त पाप और बाधाएं विनष्ट हो जाती हैं। इनकी आराधना सद्य: फलदायी है। मां भक्तों के कष्ट का निवारण शीघ्र ही कर देती हैं। इनका उपासक सिंह की तरह पराक्रमी और निर्भय हो जाता है। इनके घंटे की ध्वनि सदा अपने भक्तों को प्रेतबाधा से रक्षा करती है। इनका ध्यान करते ही शरणागत की रक्षा के लिए इस घंटे की ध्वनि निनादित हो उठती है।

RELATED ARTICLES

ईद आज, चांद रात में खरीदारी से पूरी तरह गुलजार रहे बाजार

लखनऊ। 30वें रमजान को चांद का दीदार हुआ और ईद मुबारक की सदाएं फिजा में गूंजने लगीं। देश में ईद उल फित्र का त्यौहार...

हिन्दू नव वर्ष पर निकाली गई भव्य शोभायात्रा

सत्य सनातन नारी शक्ति लोक ने फूलों से किया ग्रीन कोरिडोर का स्वागत लखनऊ। हिंदू नव वर्ष के उपलक्ष्य में ईश्वरीय स्वप्नाशीष सेवा समिति की...

अवध मेला और नौशाद सम्मान समारोह कल

खाने पीने के स्टाल भी लगाएंगेलखनऊ। नौशाद सम्मान समारोह के संग संगीत सितारों का अवध मेला 22 मार्च को छावनी के आर्मी खेल परिसर...

ईद आज, चांद रात में खरीदारी से पूरी तरह गुलजार रहे बाजार

लखनऊ। 30वें रमजान को चांद का दीदार हुआ और ईद मुबारक की सदाएं फिजा में गूंजने लगीं। देश में ईद उल फित्र का त्यौहार...

हिन्दू नव वर्ष पर निकाली गई भव्य शोभायात्रा

सत्य सनातन नारी शक्ति लोक ने फूलों से किया ग्रीन कोरिडोर का स्वागत लखनऊ। हिंदू नव वर्ष के उपलक्ष्य में ईश्वरीय स्वप्नाशीष सेवा समिति की...

अवध मेला और नौशाद सम्मान समारोह कल

खाने पीने के स्टाल भी लगाएंगेलखनऊ। नौशाद सम्मान समारोह के संग संगीत सितारों का अवध मेला 22 मार्च को छावनी के आर्मी खेल परिसर...

पुस्तक मेले में कला संगीत की पुस्तकों की भी मांग

रवीन्द्रालय चारबाग में लखनऊ पुस्तक मेला : आठवां दिनलखनऊ। रवीन्द्रालय चारबाग में चल रहा पुस्तक मेला 22 को विदा ले लेगा। आज दिन में...

नन्हे पंखों के लिए बनाया सुरक्षित आशियाना

विश्व गौरैया दिवस पर ए.के.टी.यू. के छात्र की अनोखी पहललखनऊ। विश्व गौरैया दिवस के अवसर पर वास्तुकला एवं योजना संकाय, ए.के.टी.यू., लखनऊ के बी.आर्क....

जय कन्हैया लाल की के उद्घोष के बीच श्रीकृष्ण ने की माखन की चोरी

तुलसी रंगमंच पर चल रही श्रीकृष्ण लीलालखनऊ। श्री ऐशबाग रामलीला समिति के तत्वाधान में चल रहे भारतीय नववर्ष मेला एवं चैती महोत्सव के दूसरे...