लखनऊ। अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश कुमार अवस्थी ने बताया कि पहले चरण में 173 हॉट स्पॉट चिन्हित करके कार्यवाही की गई है। अब तक 1,80,587 मकान चिन्हित करते हुए 10,43,182 व्यक्तियों को चिन्हित किया गया है। इन हॉट स्पॉट क्षेत्र में 500 कोरोना पॉजिटिव व्यक्ति मिले हैं एवं 3846 कोरोना संदिग्ध व्यक्तियों में से 3075 व्यक्तियों को संस्थागत क्वारेंटाइन में रखा गया है।
द्वितीय चरण में 83 हॉट स्पॉट चिन्हित करके कार्यवाही की गई है। अब तक 2,03,103 मकान चिन्हित करते हुए 12,17,110 व्यक्तियों को चिन्हित किया गया है। इन हॉट स्पॉट क्षेत्र में 119 कोरोना पॉजिटिव व्यक्ति हैं, जबकि 1711 लोग क्वारेंटाइन में रखे गये हैं।
तृतीय चरण में 7 हॉट स्पॉट चिन्हित करके कार्यवाही की गई है। अब तक 3603 मकान चिन्हित करते हुए 19,032 व्यक्तियों को चिन्हित किया गया है। इन हॉट स्पॉट क्षेत्र में 13 कोरोना पॉजिटिव व्यक्ति हैं, जबकि 1705 लोग क्वारेंटाइन में रखे गये हैं।
प्रदेश के हॉट स्पॉट क्षेत्रों में रह रहे लोगों को 1486 डोर स्टेप डिलिवरी मिल्क बूथ एवं मैन के द्वारा दूध वितरित किया जा रहा है। फल एवं सब्जी वितरण के लिए कुल 3980 वाहन लगाये गये हैं इन क्षेत्रों में 3175 व्यक्तियों एवं 2568 प्रोविजनल स्टोर के माध्यम से आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति की जा रही है। हॉट स्पॉट क्षेत्रों के लिए 145 सामुदायिक किचन संचालित हैं।
लॉक डान तोड़ने वाले 18571 के खिलाफ एफआईआर
अवस्थी ने बताया कि कोरोना वायरस के दृष्टिगत प्रदेश में लॉक डाउन अवधि में पुलिस विभाग द्वारा की गयी कार्यवाही में अब तक धारा 188 के तहत 18571 लोगों के विरूद्ध एफआईआर दर्ज की गई। प्रदेश में अब तक 17,12,513 वाहनों की सघन चेकिंग में 23,249 वाहन सीज किये गये। चेकिंग अभियान के दौरान 7,22,98,302 रूपए का शमन शुल्क वसूल किया गया।
आवश्यक सेवाओं के लिए कुल 1,54,673 वाहनों के परमिट जारी किये गये हैं। उन्होंने बताया कि कालाबाजारी एवं जमाखोरी करने वाले 521 लोगों के खिलाफ 414 एफआईआर दर्ज करते हुए 185 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार फेक न्यूज पर कड़ाई से नजर रख रही है। फेक न्यूज के तहत अब तक 311 मामलों का संज्ञान में लेते हुए साइबर सेल को सूचित किया गया है जो जांच के बाद कार्यवाही सुनिश्चित करेगा।
अब तक पौने तीन लाख कार्डों पर मिला राशन
अवस्थी ने बताया कि प्रदेश में 686 सरकारी तथा 1607 स्वैच्छिक कम्युनिटी किचन के माध्यम से 12,73,704 लोगों को फूड पैकेट्स वितरित किये गये हैं। खाद्यान्न वितरण योजना के तहत नि:शुल्क श्रेणी के अन्तर्गत 1,28,53,536 राशन कार्डों के सापेक्ष (अन्त्योदय की संख्या सहित) के सापेक्ष 85,01,407 कार्डों पर खाद्यान्न वितरित किया गया है। इसके अतिरिक्त प्रदेश में प्रचलित कुल 3,45,97,562 राशन कार्डों के सापेक्ष 2,81,68,393 कार्डों पर खाद्यान्न का वितरण किया गया।
प्रदेश में डोर-स्टेप-डिलीवरी व्यवस्था के अन्तर्गत 21,656 किराना स्टोर क्रियाशील हैं, जिनके माध्यम से 50,193 डिलीवरी मैन आवश्यक सामग्री निरंतर पहुंचा रहे हैं। फल एवं सब्जी वितरण व्यवस्था के अन्तर्गत कुल 43,058 वाहनों की व्यवस्था की गयी है। इसी क्रम में कुल 53.52 लाख लीटर दूध उपार्जन के सापेक्ष 34.97 लाख लीटर दूध का वितरण 20,521 डिलीवरी वैन के माध्यम से किया गया है।
तेरह लाख श्रमिकों को मिले एक-एक हजार
अवस्थी ने बताया कि उत्तर प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड की श्रमिक भरण-पोषण योजना के तहत निर्माण कार्यों से जुड़े 13.08 लाख श्रमिकों के खाते में एक-एक हजार रूपए की धनराशि आरटीजीएस के माध्यम से भेजी गई है।
इसके अतिरिक्त नगरीय क्षेत्र के 5.27 लाख श्रमिकों एवं ग्रामीण क्षेत्र के 3.87 लाख निराश्रित व्यक्तियों को भी एक-एक हजार रूपए की धनराशि का भुगतान किया जा चुका है। उन्होंने यह भी बताया कि प्रदेश की 35,495 फैक्ट्री से सम्पर्क किया गया, जिनमें 33,220 द्वारा अपने श्रमिकों को वेतन का वितरण कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में अब तक 5995 औद्योगिक इकाईयां चालू हो गई हैं।
सोशल डिस्टेंसिंग अपना कर शुरू हुई गेहूं खरीद
मंडियों में आज से सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए न्यूनतम समर्थन मूल्य पर गेहूं का क्रय प्रारम्भ हो गया है। पशुपालन विभाग को पशुओं के लिए भूसा बैंक बनाने एवं भूसा क्रय करने के निर्देश दिये गये है। स्थानीय एनजीओ के माध्यम से अन्य पशुओं श्वान, बन्दर आदि के भी खाने की व्यवस्था की जा रही है।





